ओलावृष्टि ने मचाई तबाही ! केला फसल बर्बाद, किसानों ने मांगा मुआवजा
एमपी के बुरहानपुर जिले में बदले मौसम ने किसानों पर कहर बरपा दिया है। पिछले तीन दिनों से हो रही आंधी, बारिश और ओलावृष्टि ने खासकर केला किसानों की कमर तोड़ दी है। गुरुवार रात करीब 8 बजे एक बार फिर तेज बारिश के साथ चने के आकार के ओले गिरे, जिससे खेतों में खड़ी फसल बुरी तरह तबाह हो गई। जिले के ग्राम भावसा, खामनी, इच्छापुर, पिंपरी सहित कई गांवों में ओलावृष्टि का असर साफ देखा गया। सैकड़ों किसानों की केला फसल के पत्ते पूरी तरह फट गए हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, पत्तों के क्षतिग्रस्त होने के बाद अब इस फसल से उत्पादन की उम्मीद बेहद कम हो जाती है, जिससे किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ेगा।
बताया जा रहा है कि इस प्राकृतिक आपदा से किसानों को करोड़ों रुपए का नुकसान हो सकता है। अप्रैल महीने में इस तरह की बारिश और ओलावृष्टि ने किसानों की चिंता और बढ़ा दी है, क्योंकि यह समय फसल के लिए बेहद संवेदनशील होता है। शुक्रवार को कांग्रेस नेता अजय सिंह रघुवंशी स्थानीय जनप्रतिनिधियों के साथ प्रभावित क्षेत्रों में पहुंचे और खेतों का जायजा लिया। उन्होंने कहा कि लगातार दूसरी बार हुई ओलावृष्टि ने केला किसानों को पूरी तरह तोड़ दिया है। उन्होंने जिला प्रशासन से मांग की कि जल्द से जल्द सर्वे कर प्रभावित किसानों को उचित मुआवजा दिया जाए।
वहीं, मौसम में आए इस बदलाव से तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई है। जहां रविवार को अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस था, वहीं सोमवार को यह घटकर 39 डिग्री तक पहुंच गया। न्यूनतम तापमान भी 22 डिग्री के आसपास बना हुआ है, जिससे वातावरण में ठंडक महसूस की जा रही है। फिलहाल किसान आसमान की ओर टकटकी लगाए बैठे हैं और प्रशासन से राहत की उम्मीद कर रहे हैं। अब देखना होगा कि सरकार और प्रशासन कब तक किसानों के जख्मों पर मरहम लगाते हैं।