युद्ध की बलि चढ़े एमपी के मंजूर,परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़,भांजी की शादी में शामिल होने आ रहे थे
कुवैत अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हुए ईरान ने भीषण हमला कर दिया। जिससे एमपी के उज्जैन जिले के निवासी मंजूर अहमद की जान चली गई। जिसके बाद से परिवार में मातम पसरा हुआ है। परिजनों का रो रो कर बुरा हाल है। बताया जा रहा है की मंजूर अहमद अपनी भांजी की शादी में शामिल होने घर आ रहे थे। लेकिन युद्ध की वजह से अचानक उनकी जान चली गई। बेबस परिवार ने सरकार से एम्बुलेंस की गुहार लगाई है ताकि रीति रिवाज से उनका संस्कार किया जा सके।
कुवैत अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हुए ईरान के भीषण हमले में उज्जैन के मंजूर अहमद की जान जाने के बाद से राज रॉयल कॉलोनी स्थित उनके घर में शोक का माहौल है। महाकालेश्वर मंदिर विस्तारीकरण के दौरान मंजूर अहमद का आशियाना टूट गया था। इसके बाद उन्होंने जैसे-तैसे राज रॉयल कॉलोनी में नया मकान लिया। वह परिवार का जीवन-यापन कर रहे थे। पिछले 30 सालों से कुवैत में रहकर पाई-पाई जोड़ रहे मंजूर अपनी भांजी की शादी में शामिल होने घर आ रहे थे। जानकारी के मुताबिक कुवैत स्थित भारतीय दूतावास ने मंजूर अहमद के पार्थिव शरीर को भारत भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। बॉडी को हवाई मार्ग से गुजरात के अहमदाबाद तक पहुंचाने में दूतावास परिवार की मदद कर रहा है। लेकिन आर्थिक तंगी से जूझ रहे पीड़ित परिवार के सामने अब एक नया संकट खड़ा हो गया है। दरअसल दुखी परिवार का कहना है की अहमदाबाद से पार्थिव शरीर को उज्जैन लाने उनकी आर्थिक क्षमता नहीं है। परिजनों ने मध्य प्रदेश सरकार और उज्जैन जिला प्रशासन से गुहार लगाई है कि उन्हें अहमदाबाद से उज्जैन तक के लिए एक एंबुलेंस मुहैया कराई जाए। ताकि वह बॉडी को गृह नगर लाकर विधि-विधान और रीति-रिवाज से उनका अंतिम संस्कार कर सकें।--