सागर- सर्वजीत सिंह की गिरफ्तारी पर भड़का लोधी समाज, एसपी कार्यालय पहुंचकर सौंपा ज्ञापन
सागर में जिला पंचायत सदस्य और अखिल भारतीय लोधी महासभा युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष सर्वजीत सिंह की गिरफ्तारी को लेकर अब मामला गर्माता नजर आ रहा है। दो साल पुराने प्रकरण में हुई गिरफ्तारी के विरोध में सोमवार को लोधी क्षत्रिय समाज महासभा के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में समाजजन पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे। समाज के लोगों ने ज्ञापन सौंपकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की मांग उठाई। गिरफ्तारी को लेकर समाज में नाराजगी और आक्रोश का माहौल दिखाई दिया।
समाज के प्रतिनिधियों ने ज्ञापन में कहा कि सर्वजीत सिंह को जिस मामले में गिरफ्तार किया गया, वह करीब दो वर्ष पुराना है। समाज का दावा है कि सर्वजीत सिंह ने पहले ही 29 जुलाई 2024 को पुलिस अधीक्षक को आवेदन देकर पूरे मामले की पुनः जांच कराने की मांग की थी। इसके बावजूद अचानक कार्रवाई कर उन्हें ऐसे गिरफ्तार किया गया मानो वे कोई बड़े अपराधी हों। समाज के लोगों ने कहा कि इस कार्रवाई से समाज के बीच गलत संदेश गया है।
ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि संबंधित मामले के शिकायतकर्ता ने कथित तौर पर शपथपत्र देकर सर्वजीत सिंह की भूमिका से इनकार किया है। समाज का कहना है कि यदि सर्वजीत सिंह वास्तव में फरार होते तो वे सार्वजनिक कार्यक्रमों में शामिल नहीं होते। समाज के लोगों ने दावा किया कि अप्रैल 2026 में भोपाल के जंबूरी मैदान में आयोजित राजा हिरदेशाह लोधी शौर्य यात्रा सहित कई कार्यक्रमों में उनकी मौजूदगी रही है। ऐसे में फरार होने का आरोप सवालों के घेरे में है।
गौरतलब है कि रविवार को बांदरी पुलिस ने दो वर्ष पुराने मामले में सर्वजीत सिंह को गिरफ्तार किया था। उन पर नेशनल हाईवे स्थित सौरभ ढाबा में कथित तौर पर तोड़फोड़, मारपीट और हवाई फायरिंग करने के आरोप हैं। गिरफ्तारी के बाद उन्हें न्यायालय में पेश किया गया, जहां से अदालत के आदेश पर जेल भेज दिया गया। अब पूरे मामले ने सामाजिक और राजनीतिक चर्चा को भी तेज कर दिया है।