नगर निगम और पुलिस ने आरती की सामग्री की जप्त,सालों से होने वाली आरती प्रभावित, समिति में आक्रोश
नगर निगम और पुलिस टीम ने कार्यवाई करते हुए आरती करने की सामग्री को जप्त कर लिया। जिससे विवाद खड़ा हो गया है। इसी को लेकर पांडा समिति के पदाधिकारी, पंडित-पुजारी ने इकट्ठा होकर विरोध दर्ज कराया। मामला उज्जैन जिले का है। जहां पंडा समिति ने प्रशासन से कार्यवाई रोकने की मांग की है।
बताया जा रहा है की रामघाट पर हर दिन होने वाली मां शिप्रा आरती से जुड़े पंडित-पुजारियों की आरती सामग्री नगर निगम और पुलिस द्वारा जब्त की गई है। जिसके विरोध में श्री क्षेत्र पांडा समिति के पदाधिकारी, पंडित-पुजारी रामघाट पर इकठ्ठा हुए और विरोध किया। समिति का आरोप है की प्रशासन द्वारा नोटिस देकर आरती में उपयोग होने वाली सामग्री जब्त की जा रही है। जिससे सालों से चली आ रही शिप्रा आरती प्रभावित हो रही है। समिति का कहना है कि इस प्रकार की कार्रवाई से ऐसा प्रतीत होता है कि आरती को बंद कराने का प्रयास किया जा रहा है।
महाकाल शिप्रा आरती के संस्थापक पंडित आनंद जोशी लोटा वाला ने बताया कि रामघाट पर कई सालों से नियमित रूप से शाम की शिप्रा आरती की जाती है। जिसमें देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालु बड़ी संख्या में शामिल होकर मां शिप्रा का आशीर्वाद लेते हैं। रामघाट के पंडित-पुजारी हमेशा शासन-प्रशासन का सहयोग करते आए हैं। आगे भी करते रहेंगे। शासन की कोई नई व्यवस्था या योजना है तो उसकी जानकारी पंडित-पुजारियों को दी जाए। सभी नियमों का पालन करते हुए पूरा सहयोग किया जाएगा। लेकिन बिना स्पष्ट जानकारी दिए आरती की सामग्री जब्त करना उचित नहीं है। उन्होंने बताया की आरती से पहले लाउडस्पीकर के माध्यम से श्रद्धालुओं से अपील की जाती है कि वे शिप्रा नदी में फूल-पत्ती या अन्य सामग्री न डालें, ताकि नदी स्वच्छ बनी रहे। नगर निगम ने माइक भी जब्त कर लिया।
पांडा समिति ने शासन-प्रशासन से मांग की है कि आरती सामग्री जब्त करने की कार्रवाई तत्काल बंद की जाए। साथ ही सालों से चली आ रही शांतिपूर्ण शिप्रा आरती को पूर्ववत संचालित होने दिया जाए।-