मानवता की मिसाल बनी पुलिस! अर्धविक्षिप्त बुजुर्ग को नहलाया, बाल कटवाए, अब परिवार से मिलाने की कोशिश
पुलिस की पहचान अक्सर अपराधियों पर कार्रवाई और कानून व्यवस्था बनाए रखने से जुड़ी होती है, लेकिन एमपी के शाजापुर की लालघाटी थाना पुलिस ने ऐसा काम किया है, जिसने हर किसी का दिल जीत लिया। सड़क पर भटक रहे एक अर्धविक्षिप्त बुजुर्ग को न सिर्फ सम्मान के साथ सहारा दिया गया, बल्कि उसे नहलाकर, बाल और दाढ़ी कटवाकर नया जीवन देने की पहल भी की गई। अब पुलिस उसे उसके परिवार से मिलाने की कोशिश कर रही है। यह प्रेरणादायक मामला शाजापुर के लालघाटी थाना क्षेत्र का है। थाना प्रभारी अर्जुन सिंह मुजाल्दे के मार्गदर्शन में पुलिस टीम होटल पर नाश्ता कर रही थी। इसी दौरान उनकी नजर एक अर्धविक्षिप्त बुजुर्ग पर पड़ी, जिसकी हालत बेहद दयनीय थी। लंबे समय से भटकने के कारण उसके बाल और दाढ़ी काफी बढ़ चुके थे और वह गंदगी से लथपथ था।
पुलिसकर्मियों ने बुजुर्ग से बातचीत करने की कोशिश की, लेकिन वह अपनी पहचान स्पष्ट नहीं बता सका। इसके बाद पुलिस उसे सम्मानपूर्वक लालघाटी थाने लेकर पहुंची, जहां उसके लिए स्नान की व्यवस्था की गई और नाई बुलाकर उसके बाल व दाढ़ी कटवाई गई। साफ-सुथरे कपड़ों और देखभाल के बाद उसके चेहरे पर मुस्कान लौट आई। पुलिस की इस संवेदनशील पहल का असर भी देखने को मिला। अपनापन मिलने के बाद बुजुर्ग ने अपने घर और परिवार से जुड़ी कुछ अहम जानकारियां पुलिस को बताईं। अब लालघाटी थाना पुलिस उन जानकारियों के आधार पर उसके परिजनों की तलाश में जुट गई है, ताकि उसे सुरक्षित उसके परिवार तक पहुंचाया जा सके।
इस मानवीय कार्य में प्रधान आरक्षक चंद्रपाल जाट, जसवंत जाटव, भारत किरार सहित पूरे थाना स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही। स्थानीय लोगों ने पुलिस की इस पहल की जमकर सराहना करते हुए कहा कि खाकी का यही मानवीय चेहरा समाज में विश्वास और अपनापन दोनों बढ़ाता है। यह घटना बताती है कि पुलिस सिर्फ कानून की रखवाली ही नहीं करती, बल्कि जरूरतमंदों के लिए उम्मीद और इंसानियत का सहारा भी बन सकती है।