85 हजार जुर्माना और परिवार का सामाजिक बहिष्कार, न मंदिर जाने दे रहे, न पानी भरने दे रहे ! आरोप
एक परिवार का सामजिक बहिष्कार कर दिया गया। आरोप है की पहले 85 हजार रूपये जुर्माने के तौर पर वसूले गए ,अब न उन्हें मंदिर में जाने दिया जा रहा है न सार्वजनिक नल से पानी भरने दिया जा रहा है। परेशान युवक ने कलेक्टर एसपी से न्याय की गुहार लगाई है। साथ ही निष्पक्ष जांच कर कार्यवाई की मांग की। मामला एमपी के डिंडौरी जिले के ग्राम पंचायत पड़रिया कला के पोषक हर्रा टोला गांव का है। जहां कथित अवैध वसूली और सामाजिक बहिष्कार का आरोप है।
बताया गया की बीते एक साल पहले संदीप कुमार की हिंदू रीति रिवाजों से 11 मई 2025 को पुष्पा नागेश के साथ शादी हुई। सब कुछ सामान्य चल रहा था की कुछ समय बाद पति-पत्नी के रिश्तों में खटास आ गई। पारिवारिक विवाद का मामला पंचायत तक पहुंचा तो दोनों को अलग रहने का निर्णय सुनाया गया। और कथित रूप से जुर्माने के 85 हजार वसूले गए। लेकिन संदीप का आरोप है की इसके बाद उसके परिवार का बहिष्कार कर दिया गया। समाज के लोगों ने भी मुंह मोड़ लिया। कुछ समय बाद पत्नी वापस घर आई। लेकिन कुछ समय बाद मायके फिर चली गई। समाज के लोगों ने अलग रहने दबाव बनाया। वहीं ये भी आरोप है की पत्नी को वापिस लाने ले जाने पर उससे अभद्र व्यवहार कर मारपीट की गई। थाने में एफआईआर तक करा दी वह फिलहाल जमानत पर है। परिजनों ने विवाद सुलझाने की कोशिश की लेकिन लड़की पक्ष पंचायत में शामिल नहीं हुआ और बहिष्कार जारी रहा। पीड़ित का ये भी कहना है की परिवार को मंदिर में जाने से रोका गया। मंदिर में ताला तक लगाया गया। सार्वजनिक नल से पानी लेने पर परेशान किया गया।
पीड़ित संदीप का ने प्रशासन से गुहार लगाई है की वसूली गई 85 हजार की राशि वापस दिलाई जाए। साथ ही पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्यवाई की जाए। बताया गया की बीते 16 जुलाई को इस मामले में शिकायत की गयी थी। जहां पीड़ित ने आवेदन देकर आरोप लगाए। फ़िलहाल जांच जारी है जिसके बाद असल वजहों का पता चल सकेगा। सत्यता जांच के बाद ही सामने आ सकेगी।---