शादी का झांसा, पहचान छिपाने का आरोप, महिला आरक्षक पहुंची एसपी ऑफिस, अधिवक्ता पर गंभीर आरोप
जबलपुर में हाईकोर्ट में पदस्थ एक महिला आरक्षक ने एक अधिवक्ता पर शादी का झांसा देकर शारीरिक शोषण और अपनी पहचान छिपाने के गंभीर आरोप लगाए हैं। पीड़िता ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और संबंधित थाना पुलिस को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
मामले में लगाए गए आरोपों की फिलहाल जांच जारी है और आरोपी पक्ष का आधिकारिक बयान अभी सामने नहीं आया है। पीड़िता के अनुसार, करीब तीन वर्ष पहले उसकी मुलाकात एक युवक से हुई थी, जिसने अपना नाम सौरभ बताया था। महिला का आरोप है कि आरोपी ने शादी का भरोसा दिलाकर उसका विश्वास जीता और इसी दौरान दोनों के बीच संबंध बने। महिला का कहना है कि वह वर्तमान में करीब पांच माह की गर्भवती है।
पीड़िता का आरोप है कि जब उसने शादी की बात की, तब उसे पता चला कि आरोपी की वास्तविक पहचान सोहराब शेख है। महिला का कहना है कि इसके बाद आरोपी ने उससे निकाह करने का दबाव बनाया। साथ ही उसने यह भी आरोप लगाया कि आरोपी के परिवार की ओर से उसे लगातार धमकियां दी जा रही हैं। मामले के सामने आने के बाद पीड़िता ने एक हिंदू संगठन से संपर्क किया। संगठन के पदाधिकारी उसे लेकर पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे और पूरे मामले की शिकायत अधिकारियों से की। इसके बाद पुलिस अधिकारियों ने महिला के बयान दर्ज कर मामले में वैधानिक कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए। जांच की जिम्मेदारी सिविल लाइन थाना पुलिस को सौंपी गई है।
बताया जा रहा है कि पीड़ित महिला तलाकशुदा है और सिविल लाइन थाना क्षेत्र में अकेले रहती है। पुलिस का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं की निष्पक्ष जांच की जा रही है। जांच के दौरान उपलब्ध साक्ष्यों, बयानों और तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल इस मामले ने शहर में चर्चा का विषय बना हुआ है। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही पूरे घटनाक्रम की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।