Sagar- पूर्व सरपंच समेत दो दर्जन से अधिक नेता भाजपा में शामिल, सुरखी में कांग्रेस को बड़ा झटका !
सागर जिले की सुरखी विधानसभा से कांग्रेस को बड़ा राजनीतिक झटका लगा है। ग्राम शिकारपुर के वरिष्ठ कांग्रेस नेता एवं पूर्व सरपंच सरमन यादव ने अपने दो दर्जन से अधिक समर्थकों के साथ भारतीय जनता पार्टी की सदस्यता ग्रहण कर ली। खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने अपने निवास "मातेश्वरी" में सभी नवप्रवेशी कार्यकर्ताओं का भाजपा का अंगवस्त्र पहनाकर स्वागत किया। इस राजनीतिक घटनाक्रम को सुरखी विधानसभा की राजनीति में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
भाजपा की सदस्यता ग्रहण करने के दौरान मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी केवल एक राजनीतिक संगठन नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण और जनसेवा का अभियान है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में मध्य प्रदेश लगातार विकास की नई ऊंचाइयों को छू रहा है। यही कारण है कि समाज के विभिन्न वर्गों के लोग भाजपा की नीतियों और विकास कार्यों से प्रभावित होकर पार्टी से जुड़ रहे हैं।
मंत्री राजपूत ने कहा कि सुरखी विधानसभा का सर्वांगीण विकास उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, सिंचाई, पेयजल और आधारभूत सुविधाओं के क्षेत्र में लगातार विकास कार्य किए जा रहे हैं। उन्होंने नवप्रवेशी कार्यकर्ताओं का स्वागत करते हुए कहा कि भाजपा में सभी का सम्मान होगा और सभी मिलकर क्षेत्र के विकास तथा जनसेवा के लिए कार्य करेंगे।
वहीं, भाजपा की सदस्यता लेने के बाद पूर्व सरपंच सरमन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की जनकल्याणकारी नीतियों, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में प्रदेश सरकार के विकास कार्यों तथा मंत्री गोविंद सिंह राजपूत द्वारा सुरखी विधानसभा में कराए जा रहे विकास कार्यों से प्रभावित होकर उन्होंने अपने समर्थकों के साथ भाजपा में शामिल होने का निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि अब वे पूरी निष्ठा के साथ संगठन को मजबूत करने और क्षेत्र के विकास में योगदान देंगे।
इस अवसर पर भाजपा के कई वरिष्ठ पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि और कार्यकर्ता मौजूद रहे। पार्टी में शामिल होने वालों में रामप्यारे यादव, आशीष यादव, रामबाबू यादव, भगवानदास साहू, दौलत सिंह यादव, विनोद यादव, बलराम पाल सहित दो दर्जन से अधिक कार्यकर्ता शामिल रहे। यह घटनाक्रम सुरखी विधानसभा की राजनीति में नई चर्चाओं का विषय बना हुआ है।