सुबह 5:45 पर PWD के प्रभारी EE के तीन ठिकानों पर ताबड़तोड़ छापे, EOW की रेड, कई खुलासे होने की उम्मीद
आय से अधिक संपत्ति के मामले में EOW आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ ने बड़ी कार्यवाई को अंजाम दिया है। लोक निर्माण विभाग के प्रभारी कार्यपालन यंत्री के तीन जिलों में स्थित ठिकानों पर एक साथ छापामार कार्यवाई की। जिसमें शुरूआती तौर पर नगदी समेत स्कॉर्पियो और अन्य चीजों की जानकारी सामने आई है। बताया गया की टीम ने लोक निर्माण विभाग भवन के प्रभारी कार्यपालन यंत्री के.के. सिंगारे के बालाघाट, छिंदवाड़ा और भोपाल स्थित ठिकानों पर DSP मंजीत सिंह के नेतृत्व में एक साथ कार्यवाई की। टीम गुरुवार सुबह 5 बजकर 45 मिनिट पर घर पहुंची थी। बालाघाट आवास से कथित तौर से करीब 2 लाख 50 हजार रुपए कैश, नई स्कॉर्पियो और दर्जनों खाली लिफाफे मिलने की जानकारी सामने आई। EOW की टीम सिंगारे को छिंदवाड़ा स्थित आवास पर भी लेकर गई। फिलहाल जांच जारी है। शिकायतकर्ता यूनुस खान उर्फ पप्पा भाई की शिकायत के बाद EOW ने कार्यवाई की। टीम ने दस्तावेजों और संपत्ति से जुड़े कागजात, वित्तीय रिकॉर्ड की जांच की जा रही है।
कार्रवाई का मकसद अधिकारी की आय के ज्ञात स्रोतों और उनके नाम साथ ही उनसे जुड़े लोगों के नाम पर मौजूद संपत्तियों के बीच संभावित अंतर की जांच करना है। टीम बैंक खातों, जमीन-मकान के दस्तावेज, निवेश, वाहन और अन्य आर्थिक लेनदेन से जुड़े रिकॉर्ड की भी जांच कर सकती है।
छिंदवाड़ा, बालाघाट और भोपाल में एक साथ की गई कार्रवाई के बाद PWD विभाग में हड़कंप मचा हुआ है। जांच में यह पता लगाया जायेगा की अभी तक अधिकारी की आय और संपत्ति में कितना अंतर है। परिजनों के नाम पर खरीदी गई संपत्ति या किए गए निवेश से जुड़े दस्तावेज भी जांच का हिस्सा बन सकते हैं। हालांकि अभी तक ईओडब्ल्यू की ओर से तलाशी में मिली किसी संपत्ति, नकदी या अन्य सामग्री का आधिकारिक विवरण जारी नहीं किया गया है। दस्तावेजों और अन्य रिकॉर्ड की जांच की जा रही है। जिसके बाद आधिकारिक जानकारी सामने आ सकेगी। फिलहाल जांच जारी है।------
बता दें की इस मामले में सिविल कांट्रेक्टर एसोसिएशन मध्य प्रदेश के जनरल सेक्रेटरी युनुस खान (पप्पा भाई) ने शिकायत दर्ज कराई थी। जिसके बाद टीम ने कार्यवाई की। कई चौंकाने वाले खुलासे होने की उम्मीद की जा रही है। खबर पढ़े जाने तक कार्यवाई जारी थी।------