सागर शराबकांड में बड़ा एक्शन, 16 गिरफ्तार; 17 फरार आरोपियों पर इनाम | SAGAR TV NEWS |
सागर जिले के बंडा और शाहगढ़ क्षेत्र में संदिग्ध नकली और जहरीली शराब से हुई मौतों का मामला लगातार गंभीर बना हुआ है। जमीनी जानकारी में अब तक करीब 28 लोगों की मौत की बात सामने आ रही है, जबकि प्रशासन ने 15 मौतों की पुष्टि की है। बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज में फिलहाल 46 मरीज भर्ती हैं, जिनमें पांच की हालत गंभीर बताई जा रही है।
इस बीच पुलिस ने कार्रवाई तेज करते हुए 16 आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि 17 फरार आरोपियों पर इनाम घोषित किया गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बुधवार को पूरे घटनाक्रम की समीक्षा की और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके बाद पुलिस और प्रशासन ने आरोपियों की तलाश तेज कर दी है। फरार आरोपियों को पकड़ने के लिए मध्यप्रदेश के अलग-अलग जिलों के साथ उत्तर प्रदेश में भी पुलिस टीमें दबिश दे रही हैं।
पुलिस के मुताबिक अब तक गिरफ्तार किए गए 16 आरोपियों में करणी सेना के संभागीय अध्यक्ष चंद्रभान सिंह राजपूत भी शामिल हैं। सभी आरोपियों से पूछताछ कर मामले में उनकी भूमिका और शराब की सप्लाई से जुड़े नेटवर्क की जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस और प्रशासन की टीमें आरोपियों के कथित अवैध कब्जों और ठिकानों को भी चिह्नित कर रही हैं।
जांच के बाद अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की तैयारी की जा रही है। वहीं शराब कांड से प्रभावित 46 मरीजों का इलाज बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज में जारी है। इनमें पांच मरीज गंभीर स्थिति में आईसीयू में भर्ती हैं। राहत की बात यह है कि बुधवार को कोई नया मरीज सामने नहीं आया और किसी नई मौत की सूचना भी नहीं मिली। अब तक 60 से ज्यादा मरीजों की हालत में सुधार होने के बाद उन्हें अस्पताल से छुट्टी दी जा चुकी है।
पुलिस ने कई ठिकानों से अवैध शराब भी जब्त की है। प्रभावित गांवों में निगरानी बढ़ा दी गई है। पुलिस की गश्त के साथ लोगों को शराब से दूर रहने के लिए मुनादी भी कराई जा रही है। प्रशासन का फोकस एक ओर फरार आरोपियों की गिरफ्तारी पर है, तो दूसरी ओर शराब के अवैध नेटवर्क को खत्म करने पर भी कार्रवाई की जा रही है। सागर शराबकांड में मौतों के आंकड़ों को लेकर प्रशासनिक पुष्टि और स्थानीय स्तर पर सामने आ रही जानकारी में अंतर है। फिलहाल 15 मौतों की प्रशासनिक पुष्टि है, 46 मरीज अस्पताल में भर्ती हैं और पुलिस 16 आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। अब जांच के जरिए पूरे नेटवर्क और जिम्मेदार लोगों तक पहुंचने की कोशिश जारी है।