सागर शराब मामले में दिग्विजय का हमला, बोले पूरे नेटवर्क तक पहुंचे सरकार | SAGAR TV NEWS |
सागर जिले के बंडा में जहरीली शराब से हुई 35 मौतों के बाद अब सियासत भी तेज हो गई है। शनिवार को पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह सागर पहुंचे और शराब त्रासदी से प्रभावित परिवारों से मुलाकात की। शाहगढ़ के खटोरा खुर्द में उन्होंने शराब से मृतक भोपाली आदिवासी की पत्नी माया से मुलाकात कर संवेदना व्यक्त की। इसके बाद ग्राम पापेट पहुंचकर उन्होंने अन्य मृतकों के परिजनों से भी मुलाकात की। मीडिया से बातचीत में दिग्विजय सिंह ने प्रदेश सरकार और पुलिस-प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए। दिग्विजय सिंह ने बंडा क्षेत्र में जहरीली शराब से हुई मौतों को गंभीर मामला बताते हुए कहा कि अवैध शराब का कारोबार केवल कुछ लोगों तक सीमित नहीं हो सकता। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में अवैध शराब का कारोबार स्थानीय नेताओं, पुलिस और प्रशासन के संरक्षण में चल रहा है। हालांकि, ये आरोप हैं और इनकी स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है।
पूर्व मुख्यमंत्री ने सागर के मौजूदा पुलिस अधीक्षक की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। दिग्विजय सिंह ने कहा कि जब यही एसपी मुरैना में तैनात थे, तब भी जहरीली और अवैध शराब से मौतों की घटना सामने आई थी। अब सागर में भी इसी तरह की त्रासदी हुई है। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की। दिग्विजय सिंह का कहना है कि जांच सिर्फ शराब बेचने वालों या छोटे आरोपियों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए। यह पता लगाया जाना जरूरी है कि शराब की सप्लाई कहां से हुई, इसे किस नेटवर्क के जरिए गांवों तक पहुंचाया गया और इस पूरे कारोबार को संरक्षण देने वालों की भूमिका क्या थी।
पूर्व मुख्यमंत्री ने सरकार से अवैध शराब के पूरे नेटवर्क तक पहुंचने की मांग की। उन्होंने कहा कि सप्लाई चेन से लेकर संरक्षण देने वालों तक हर स्तर की भूमिका की जांच होनी चाहिए और जो भी दोषी मिले, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। पीड़ित परिवारों से मुलाकात के दौरान उन्होंने उनके दुख में साथ खड़े रहने की बात भी कही। बंडा शराबकांड के बाद अब मामला सिर्फ प्रशासनिक कार्रवाई तक सीमित नहीं रहा, बल्कि सियासी बयानबाजी भी तेज हो गई है। दिग्विजय सिंह के आरोपों के बाद सरकार और पुलिस प्रशासन का जवाब भी इस पूरे मामले में अहम माना जा रहा है। अब निगाहें जांच और आगे होने वाली कार्रवाई पर हैं।