Sagar- रहली में किसानों का जोरदार प्रदर्शन, छह मांगों को लेकर सरकार को घेरा
सागर जिले के रहली में विभिन्न समस्याओं से परेशान किसानों का गुस्सा सोमवार को सड़क पर देखने को मिला। छह सूत्रीय मांगों को लेकर बड़ी संख्या में किसानों ने जोरदार प्रदर्शन किया। राजीव मंच पर आमसभा के बाद किसानों ने तहसील कार्यालय तक पैदल मार्च निकाला और मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन तहसीलदार राजेश पांडेय को सौंपा।
किसानों ने अतिवृष्टि से फसल नुकसान, फसल बीमा क्लेम, खाद की किल्लत और सिंचाई परियोजना सहित कई मुद्दे उठाए। रहली के राजीव मंच पर आयोजित आमसभा में किसान नेताओं ने अपनी समस्याओं को प्रमुखता से रखा। किसानों का कहना था कि हाल ही में हुई अतिवृष्टि से उड़द समेत कई फसलों को नुकसान पहुंचा है। उन्होंने प्रभावित खेतों का निष्पक्ष सर्वे कराने और किसानों को उचित मुआवजा देने की मांग की। आमसभा के बाद किसान नारेबाजी करते हुए तहसील कार्यालय की ओर पैदल मार्च पर निकले।
तहसील कार्यालय पहुंचकर किसानों ने तहसीलदार राजेश पांडेय को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में किसानों ने वर्ष 2025 का बकाया फसल बीमा क्लेम जल्द जारी कराने की मांग भी उठाई। किसानों का कहना है कि बीमा राशि मिलने में देरी से उन्हें आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। आगामी रबी सीजन को देखते हुए किसानों ने पर्याप्त मात्रा में डीएपी खाद उपलब्ध कराने की मांग की। इसके साथ ही कोपरा सिंचाई परियोजना का काम शुरू कराने और परियोजना से प्रभावित किसानों को उचित मुआवजा देने की मांग रखी गई। किसानों ने मक्का का समर्थन मूल्य 3 हजार रुपये प्रति क्विंटल किए जाने की मांग भी सरकार के सामने रखी।
किसानों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों का जल्द निराकरण नहीं किया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। आमसभा को अक्षय हजारी, राहुल सिंह चुहरा, संतोष सरवैया, योगेश पटैल, यशपाल घोषी, काशीराम पटैल मढ़िया, रामजी पटैल सेवास, रामशंकर पटैल और बलराम साहू सहित अन्य किसान नेताओं ने संबोधित किया। कार्यक्रम का संचालन महेंद्र सिंह सिगोनिया ने किया, जबकि आभार प्रशांत पटैल रजवास ने व्यक्त किया। रहली में किसानों के इस प्रदर्शन ने एक बार फिर फसल नुकसान, बीमा भुगतान और खाद की उपलब्धता जैसे मुद्दों को सामने ला दिया है। अब किसानों की मांगों पर प्रशासन और सरकार की ओर से क्या कदम उठाए जाते हैं, इस पर सभी की नजर है।