अवैध शराब के खिलाफ उठी आवाज, 15 दिन में कार्रवाई की मांग
अवैध शराब की बिक्री और शराब दुकानों के आसपास संचालित कथित अवैध अहातों एवं चखना सेंटरों के खिलाफ आवाज तेज हो गई है। भगवती मानव कल्याण संगठन और भारतीय शक्ति चेतना पार्टी ने पुलिस प्रशासन से कार्रवाई की मांग करते हुए एमपी के सागर संभाग के पन्ना जिले के पुलिस अधीक्षक के नाम थाना प्रभारी रैपुरा के माध्यम से ज्ञापन सौंपा।
संगठनों ने चेतावनी दी है कि 15 दिनों के भीतर प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई तो बड़ा धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। रैपुरा में सौंपे गए ज्ञापन में संगठन और पार्टी पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि पन्ना जिले के ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में अवैध शराब की बिक्री की शिकायतें लगातार सामने आ रही हैं। साथ ही शराब दुकानों के आसपास नियमों के विपरीत कथित तौर पर अहाते और चखना सेंटर संचालित किए जा रहे हैं। संगठनों का कहना है कि वे लंबे समय से नशामुक्ति और जनजागरण अभियान चला रहे हैं।
ज्ञापन में कहा गया कि शराब दुकानों के आसपास देर रात तक लोगों का जमावड़ा लगा रहता है, जिससे आम नागरिकों, खासकर महिलाओं और बच्चों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। संगठन ने दावा किया कि ऐसी गतिविधियों से क्षेत्र के सामाजिक माहौल और कानून-व्यवस्था पर भी असर पड़ने की आशंका बनी रहती है।
संगठन और पार्टी ने पुलिस प्रशासन से जिलेभर में अभियान चलाकर अवैध शराब की बिक्री पर रोक लगाने की मांग की है। इसके अलावा शराब दुकानों के बाहर संचालित कथित अवैध अहातों और चखना सेंटरों को बंद कराने, नियमों का उल्लंघन करने वाले शराब ठेकेदारों और अवैध शराब विक्रेताओं के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग रखी गई है।
ज्ञापन में शराब दुकानों के आसपास देर रात होने वाले जमावड़े और अन्य अवैध गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए पुलिस गश्त बढ़ाने की मांग भी की गई। साथ ही अवैध शराब के स्रोतों का पता लगाकर कार्रवाई करने की बात कही गई। संगठन ने चेतावनी दी कि 15 दिन में प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई तो बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं और नागरिकों के साथ पुलिस अधीक्षक कार्यालय के सामने धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। पन्ना में अवैध शराब के खिलाफ सौंपे गए इस ज्ञापन के बाद अब निगाहें पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई पर हैं। संगठनों की मांग और चेतावनी के बाद आने वाले दिनों में यह मुद्दा और जोर पकड़ सकता है।