Sagar- रहली के राजा महागणपति की 1100 दीपों से भव्य महाआरती, उमड़ा भक्तों का सैलाब
सागर जिले के रहली में गणेश उत्सव के दौरान रहली में भक्ति और आस्था का अद्भुत नजारा देखने को मिला। ढोल ग्यारस यानी परिवर्तिनी एकादशी के विशेष अवसर पर जय भारत गणेश मंडल द्वारा विराजित रहली के राजा महागणपति की भव्य महाआरती का आयोजन किया गया। 1100 दीपों से हुई इस महाआरती ने पूरे पंडाल को रोशनी से जगमगा दिया। महाआरती के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु बप्पा के दरबार में पहुंचे। भक्तों ने भगवान गणेश के दर्शन किए और विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर अपनी मनोकामनाओं की अर्जी लगाई। जैसे ही एक साथ 1100 दीप प्रज्ज्वलित हुए, पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा।
जय भारत गणेश मंडल द्वारा इस वर्ष गणेश उत्सव के दौरान भगवान गणेश की विशेष आराधना और धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। श्रद्धालुओं के बीच रहली के राजा महागणपति को लेकर खास उत्साह देखने को मिल रहा है। महाआरती में शामिल होने के लिए नगर के अलग-अलग क्षेत्रों से श्रद्धालु पहुंचे। ढोल ग्यारस के इस विशेष अवसर पर भगवान गणेश की आराधना के साथ भक्तों ने सुख-समृद्धि और परिवार की खुशहाली की कामना की। महाआरती के दौरान पंडाल में जयकारों की गूंज सुनाई देती रही।
वहीं जय भारत गणेश मंडल समिति द्वारा बुधवार को द्वादशी के अवसर पर छप्पन भोग कार्यक्रम का भी आयोजन किया जा रहा है। इस आयोजन को लेकर भी भक्तों में खासा उत्साह है। श्रद्धालु अपने-अपने घरों से विभिन्न प्रकार के व्यंजन बनाकर लाएंगे और उन्हें भगवान गणेश को भोग के रूप में अर्पित करेंगे। आयोजकों के अनुसार छप्पन भोग के माध्यम से श्रद्धालु अपनी आस्था और भक्ति बप्पा के चरणों में अर्पित करेंगे। गणेश उत्सव के इन धार्मिक आयोजनों के चलते रहली में लगातार भक्तिमय माहौल बना हुआ है। 1100 दीपों की रोशनी में हुई महाआरती ने श्रद्धालुओं को भक्ति से सराबोर कर दिया और रहली के राजा महागणपति के दरबार में आस्था का रंग और गहरा हो गया।