जुआ फड़ पर दबिश के बाद व्यक्ति की गई जान, अस्पताल में जोरदार हंगामा,पुलिस पर लगे आरोप !
पुलिस जुआ फड़ पर दबिश देने पहुंची थी लेकिन इसके बाद जो हुआ वह दर्दनाक भी था और हैरान करने वाला भी, क्योंकि जिस शख्स को पुलिस ने फड़ से पकड़ा था उसकी अचानक तबियत बिगड़ी और इलाज के दौरान जान चली गई। इसके बाद अस्पताल में जमकर हंगामा हुआ। पुलिस पर मारपीट जैसे गंभीर आरोप लगे की पिटाई की वजह से उनकी जान गयी है। ये दुखद घटना दमोह जिले के हिंडोरिया थाना क्षेत्र की है। जहां अस्पताल में हंगामे की स्थिति बन गयी थी। नाराज़ परिजनों की पुलिस से जमकर बहसबाजी हुई। घटना के बाद मृतक का बेटा चीख-चीखकर रो रहा था। परिजन भी सदमे में हैं। भाजपा-कांग्रेस के नेता भी अस्पताल पहुंचे थे। इस मामले में एसआई समेत आठ पुलिसकर्मियों को निलंबित किया गया है।
बताया गया की पुलिस एक जुआ फड़ पर कार्यवाई करने पहुंची। जहां युवक के पिता को जुआ खेलने के आरोप में पकड़कर लाई। आरोप है की उनके साथ मारपीट की गई। इसके बाद उनकी तबीयत बिगड़ी और जान चली गई। जानकारी लगते ही परिजन और ग्रामीण हिंडोरिया अस्पताल पहुंचे जहां हंगामा कर दिया। मृतक की पहचान 50 साल के शिव सिंह लोधी, निवासी टिकरी पिपरिया के रूप में हुई। बताया जा रहा है की बीते गुरुवार की रात बांदकपुर चौकी क्षेत्र के हिनोता गांव में जुआ फड़ पर बांदकपुर और हिंडोरिया पुलिस ने दबिश दी थी। इस दौरान कई लोग भाग खड़े हुए। लेकिन शिव सिंह लोधी के पकड़े जाने की बात सामने आई। आरोप है की उन्हें पुलिस अस्पताल लेकर आई। जहां अचानक तबियत बिगड़ी और जान चली गयी। परिजनों ने पुलिस पर मारपीट के गंभीर आरोप लगाए।
मृतक के बेटे का कहना था की पुलिस ने उसके पिता की तबियत खराब होने की फोन पर सूचना दी थी। जब परिवार अस्पताल पहुंचा तो दंग रह गए। क्योंकि वहां डेड बॉडी मिली। जिसके बाद भारी संख्या में लोग जमा हो गए और बवाल मच गया। मौके पर पथरिया एसडीओपी प्रिया सिंधी, थाना प्रभारी अंजली अग्निहोत्री, पटेरा थाना प्रभारी रचना मिश्रा, एसआई धर्मेंद्र गुर्जर हिंडोरिया अस्पताल पहुंचे परिजनों को समझाइश दी गयी। लेकिन वह पुलिस पर कार्यवाई की मांग पर अड़े हुए थे। हालांकि आठ लोगों पर गाज भी गिरी। एसआई समेत आठ पुलिसकर्मियों को निलंबित किया गया है। इस मामले में भाजपा-कांग्रेस के नेता भी अस्पताल पहुंचे थे। जहां निष्पक्ष जांच की मांग की गयी।
फिलहाल शिव सिंह लोधी की जान किन परिस्थितियों में गई है। इसकी पुष्टि फ़िलहाल नहीं हो पाई है। ये जांच का विषय है। पीएम रिपोर्ट के बाद ही सही वजहों का पता चल सकेगा।----