मामूली कहासुनी में चली गोली, दुकानदार में लगे CCTV में कैद, पुलिस ने दर्ज नहीं किया मामला
मामूली विवाद के बाद एक बड़ा विवाद का रूप ले लिया। हथियारबंद बदमाशों ने दुकानदार राजा उर्फ ऋषभ गुप्ता पर जानलेवा हमला कर दिया। दुकानदार ने किसी तरह अपनी दुकान की शटर बंद कर खुद को बचाया, लेकिन बदमाशों ने वहां भी तोड़फोड़ की और देशी कट्टे से फायरिंग कर दी। एमपी के शिवपुरी जिले के भौंती थाना क्षेत्र का पूरा घटनाक्रम दुकान के पास लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गया, जिसमें साफ दिख रहा है कि कैसे प्रमोद शर्मा और कार्तिक शर्मा नाम के बदमाश हथियार लेकर दुकान के बाहर आए और धमकाते हुए फायरिंग की।
गोली चलने की आवाज और अचानक हुए इस हमले से इलाके में दहशत फैल गई। इस जानलेवा हमले के बाद भी पीड़ित राजा ऋषभ गुप्ता का आरोप है कि भौंती थाना पुलिस ने उनकी शिकायत तक दर्ज नहीं की। पीड़ित परिवार इस घटना से इतना भयभीत हो गया कि वे देर शाम पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर न्याय की गुहार लगाने पर मजबूर हुए।
राजा ऋषभ गुप्ता ने बताया कि मामूली विवाद के बाद भी बदमाशों का रवैया इतना हिंसक था कि उन्होंने सीधे जान से मारने की नीयत से गोली चलाई। उन्होंने कहा, *हमने जैसे-तैसे दुकान की शटर गिराकर जान बचाई, पर पुलिस ने न तो केस दर्ज किया और न ही हमें सुरक्षा दी। परिवार दहशत में है। इस मामले में पुलिस की तरफ से कोई स्पष्ट बयान नहीं आया है। घटना की गंभीरता को देखते हुए भी पुलिस की निष्क्रियता को लेकर इलाके में नाराजगी है। आसपास के लोगों का भी कहना है कि इस तरह के हमले से पूरे बाजार का माहौल खराब होता है, लेकिन पुलिस इस पर भी चुप्पी साधे बैठी है। फायरिंग के बाद से ही पीड़ित परिवार दहशत में है।
न सिर्फ दुकान का नुकसान हुआ बल्कि मानसिक रूप से भी पूरा परिवार डर के साए में जी रहा है। परिजन कहते हैं कि अगर समय रहते पुलिस कार्रवाई करती, तो शायद बदमाशों के हौसले इतने बुलंद नहीं होते। अब पीड़ित परिवार पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई और अपनी सुरक्षा की मांग कर रहा है। वहीं, CCTV फुटेज भी बतौर सबूत पेश किए गए हैं, जिनसे हमले की गंभीरता साफ झलकती है। इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि जब खुलेआम फायरिंग जैसे मामले में भी स्थानीय पुलिस गंभीरता न दिखाए, तो आम आदमी खुद को कहां सुरक्षित महसूस करेगा?