Sagar - बंडा मर्डर में 13 आरोपियों की पत्नियाँ बोलीं– हमारे पति निर्दोष, पत्नियाँ पहुँचीं SP ऑफिस!
डबल मर्डर केस में अब नया मोड़ सामने आया है। मर्डर के मामले में दर्ज एफआईआर पर सवाल उठाते हुए 13 आरोपियों की पत्नियाँ गुरुवार को एसपी ऑफिस पहुंचीं और ज्ञापन सौंपकर मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की। मामला 29 अगस्त की रात का है, जब सागर जिले के बंडा थाना क्षेत्र के बिजरी गांव में पुरानी रंजिश को लेकर दो परिवारों के बीच खूनी संघर्ष हुआ था। इस विवाद में 60 वर्षीय भागीरथ लोधी और उनके 30 वर्षीय बेटे रामकुमार लोधी की जान चली गई थी।
घटना के बाद फरियादी पक्ष की शिकायत पर पुलिस ने कुल 19 लोगों को आरोपी बनाते हुए मर्डर समेत कई धाराओं में मामला दर्ज किया। इनमें से नौ से अधिक आरोपियों को पुलिस गिरफ्तार भी कर चुकी है। लेकिन अब आरोपियों की पत्नियों ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि उनके पति निर्दोष हैं और घटनास्थल पर मौजूद ही नहीं थे। इसके बावजूद उन्हें साजिशन इस मामले में फंसा दिया गया है। पत्नियों ने बताया कि इस झूठे केस के कारण उनके परिवार बर्बादी के कगार पर हैं, फसलें खेतों में खराब हो रही हैं और गांव में दूसरे पक्ष से जान का खतरा भी बना हुआ है।
पुष्पेंद्र लोधी की पत्नी अनीता ने दावा किया कि उनका पति घटना के समय खेत वाले घर पर मौजूद था और उनका देवर लखन उस दिन गुजरात के सूरत में कंपनी में काम कर रहा था। वहीं, आरोपी ब्रजेश लोधी की पत्नी नीलम ने बताया कि उनके पति उस समय बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज में बेटे का इलाज करा रहे थे। पत्नियों ने कहा कि सीसीटीवी और मोबाइल लोकेशन से यह सब आसानी से साबित हो सकता है। इस पूरे मामले में पत्नियों ने पुनः जांच की मांग की है। उनका कहना है कि पुलिस ने बिना पुख्ता सबूत के उनके पतियों को आरोपी बना दिया है। अब सवाल यह है कि क्या जांच में सामने आएगा सच, और क्या निर्दोष साबित हो पाएंगे ये सभी आरोपी।