कलेक्टर की फर्जी तस्वीर वायरल ! AI से बना झूठ ! कलेक्टर बोले मेरी किसी से मुलाकात नहीं हुई
एमपी के सागर संभाग के दमोह कलेक्टर सुधीर कुमार कोचर एक बार फिर सुर्खियों में हैं। हाल ही में फर्जी सोशल मीडिया अकाउंट का मामला सामने आया था, और अब AI तकनीक के माध्यम से बनाई गई एक नकली फोटो को लेकर बवाल मचा हुआ है। इस फोटो में दावा किया गया कि कलेक्टर की एक युवा से मुलाकात हुई और कई मुद्दों पर बातचीत भी की गई। लेकिन कलेक्टर ने इन सारी बातों को पूरी तरह गलत बताया है। सोशल मीडिया पर वायरल इस तस्वीर में यह दर्शाया गया कि संबंधित युवक ने दमोह कलेक्टर से मुलाकात की।
लेकिन हक़ीक़त इसके बिलकुल उलट है। कलेक्टर सुधीर कुमार कोचर ने बयान जारी करते हुए साफ कहा कि ऐसे किसी भी व्यक्ति से मेरी कोई मुलाकात नहीं हुई है। सोशल मीडिया पर प्रसारित यह फोटो पूरी तरह से फर्जी और AI तकनीक से मॉर्फ की गई है। कलेक्टर ने इसे गंभीर साइबर अपराध करार देते हुए आम नागरिकों से अपील की है कि किसी भी तरह की अफवाह या भ्रम फैलाने वाली सामग्री पर भरोसा न करें। उन्होंने कहा कि प्रशासन सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर फैल रही गलत, भ्रामक सूचनाओं पर कड़ी निगरानी रख रहा है।
कलेक्टर ने लोगों से सतर्क रहने व ऐसे मामलों की तुरंत प्रशासन को सूचना देने की सलाह दी है। साथ ही यह भी कहा गया है कि फर्जी अकाउंट्स और मॉर्फ्ड तस्वीरें फैलाने वालों पर पुलिस द्वारा जांच जारी है और जल्द ही दोषियों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। AI के इस गलत इस्तेमाल ने एक बार फिर साइबर सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है। सवाल यह है कि टेक्नोलॉजी का विकास समाज के लिए है—लेकिन जब इसी का दुरुपयोग होने लगे, तो नुकसान किसी की भी प्रतिष्ठा का हो सकता है। देखना यह होगा कि प्रशासन इस मामले में कब तक कार्रवाई पूरी करता है और इस तरह की शरारतों पर लगाम कसता है।