सागर- अमानक बीज से बर्बाद हुई फसल, खुरई के किसानों का फूटा गुस्सा, तहसीलदार को सौंपा ज्ञापन
सागर जिले के खुरई में किसानों की बड़ी समस्या सामने आई है, जहां अमानक बीज ने कई गांवों की फसलें बर्बाद कर दीं। चना, मटर और मसूर की बुआई के लिए किसानों ने स्थानीय कृषि दुकान से जो बीज खरीदे थे, वे पूरी तरह खराब निकले। फसल उगने से पहले ही खेत सूने पड़ गए। इसी को लेकर किसानों ने भारतीय किसान संघ के बैनर तले तहसील कार्यालय पहुंचकर तहसीलदार डॉ. राकेश कुमार को ज्ञापन सौंपा और कड़ी कार्रवाई की मांग की। किसान राजाराम लोधी, प्रशांत लोधी सहित घोरट, सियाखेड़ी और जरवांस गांव के कई किसानों ने बताया कि उन्होंने शहर स्थित कात्यायनी कृषि सेवा केंद्र से बीज खरीदे थे। जब बीज खेतों में डाले गए तो अंकुरण सही नहीं हुआ, जो अंकुर आए वे कुछ दिनों में ही पूरी तरह सूख गए, और फसल जड़ से बर्बाद हो गई।
किसानों का कहना है कि ये नुकसान सिर्फ आर्थिक नहीं, बल्कि मानसिक रूप से भी उन्हें तोड़ने वाला है। कई किसान कर्ज लेकर खेती कर रहे थे और अब उनके सामने आगे की खेती का संकट खड़ा हो गया है। किसानों ने ज्ञापन में रखी मांगें किसानों ने तहसीलदार को सौंपे ज्ञापन में स्पष्ट कहा— जिन किसानों को अमानक बीज बेचे गए, उनकी पूरी सूची तैयार की जाए, और फसलों से होने वाले अनुमानित लाभ की पूरी राशि का भुगतान जल्द किया जाए। साथ ही संबंधित फर्म या कंपनी पर तत्काल कठोर कार्रवाई की मांग की गई। कृषि विभाग के अधिकारियों ने बताया कि मामला संज्ञान में आते ही खरीदे गए बीजों के सैंपल जांच के लिए भेज दिए गए हैं, कृषि वैज्ञानिकों ने खेतों का निरीक्षण कर पंचनामा तैयार कर लिया है। जल्द ही रिपोर्ट आने के बाद दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी।