कलेक्टर के बाद अब एसपी का फर्जी अकाउंट सामने आया, दमोह में साइबर ठगी का नया खेल! |SAGAR TV NEWS|
देशभर में सोशल मीडिया के बढ़ते इस्तेमाल के साथ-साथ फर्जी अकाउंट और साइबर ठगी के मामले भी तेजी से सामने आ रहे हैं। आम लोगों के साथ-साथ अब प्रशासनिक अधिकारियों को भी जालसाज अपना निशाना बना रहे हैं। मध्यप्रदेश के सागर संभाग के दमोह जिले से एक ऐसा ही चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां कलेक्टर के बाद अब जिला पुलिस अधीक्षक का फर्जी सोशल मीडिया अकाउंट सामने आने से हड़कंप मच गया है। गौरतलब है कि इससे पहले दमोह कलेक्टर सुधीर कुमार कोचर के नाम से फर्जी सोशल मीडिया अकाउंट बनाए जाने का मामला सामने आया था। उस मामले की जांच अभी चल ही रही थी कि अब शनिवार को दमोह जिले के पुलिस अधीक्षक श्रुतकीर्ति सोमवंशी के नाम और फोटो का इस्तेमाल कर फर्जी अकाउंट बनाए जाने की जानकारी सामने आई है।
इस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए स्वयं एसपी श्रुतकीर्ति सोमवंशी ने पुलिस के आधिकारिक सोशल मीडिया ग्रुप में इसकी जानकारी साझा की। एसपी ने स्पष्ट किया कि सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रहा यह अकाउंट उनका नहीं है और यह पूरी तरह से फर्जी है। साथ ही उन्होंने सभी पुलिस अधिकारियों, कर्मचारियों और आम नागरिकों से अपील की है कि ऐसे किसी भी फर्जी अकाउंट से आने वाले संदेशों, कॉल या लिंक पर भरोसा न करें। एसपी द्वारा इस फर्जी अकाउंट को लेकर बाकायदा एक प्रेस नोट भी जारी किया गया है, जिसमें लोगों को सतर्क रहने की हिदायत दी गई है। प्रेस नोट में कहा गया है कि फर्जी अकाउंट बनाकर कोई भी व्यक्ति प्रशासनिक अधिकारी बनकर लोगों से आर्थिक या व्यक्तिगत जानकारी हासिल करने की कोशिश कर सकता है, जो सीधे तौर पर साइबर अपराध की श्रेणी में आता है। पुलिस ने ऐसे मामलों में तुरंत स्थानीय थाने या साइबर सेल को सूचना देने की अपील की है।
सूत्रों के मुताबिक, पुलिस अब इस फर्जी अकाउंट को बनाने वाले व्यक्ति या गिरोह की पहचान करने में जुट गई है। साइबर सेल द्वारा अकाउंट की तकनीकी जांच की जा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि फर्जी अकाउंट किसने और किस उद्देश्य से बनाया। लगातार सामने आ रहे इन मामलों ने साफ कर दिया है कि साइबर अपराधी अब बड़े अधिकारियों की पहचान का दुरुपयोग कर लोगों को ठगने की नई-नई तरकीबें अपना रहे हैं। ऐसे में जरूरी है कि आम नागरिक सोशल मीडिया पर किसी भी संदेश या अकाउंट की सत्यता जांचे बिना उस पर भरोसा न करें।