Sagar - देवरी नपा अध्यक्ष को वापस बुलाने 19 जनवरी को मतदान, आचार संहिता लागू हुई
सागर जिले की देवरी नगर पालिका अध्यक्ष भाजपा विरोधी गतिविधियों और भ्रष्टाचार मामले में हटाई गई थीं, लेकिन अब राईट टू रिकॉल के तहत अध्यक्ष नेहा अलकेश जैन को पद से वापस बुलाने निर्वाचन कार्यक्रम घोषित कर दिया है। कार्यक्रम घोषित होते ही नगर पालिका में आदर्श आचार संहिता भी लागू कर दी गई है
राज्य निर्वाचन आयोग के सचिव दीपक सिंह ने बताया, निर्वाचन की सूचना का प्रकाशन 29 दिसम्बर 2025 को होगा। इसी दिन प्रतीकों का आवंटन किया जाएगा। मतदान 19 जनवरी को सुबह 7 से शाम 5 बजे तक होगा। चुनाव नतीजा 21 जनवरी को सुबह 9 बजे से मतगणना के बाद आएगा। इधर जिला निर्वाचन की ओर से इस संबंध में आदेश नहीं आया
विधानसभा चुनाव में भाजपा प्रत्याशी के विरोध के आरोपों से घिरी अध्यक्ष नेहा अलकेशन सवा साल से विवादों में थीं। इस बीच उनके खिलाफ भ्रष्टाचार का मुद्दा उठाया गया। विधानसभा में इस पर चर्चा के बाद प्रदेशस्तर पर सुर्खियों में आया। नगरीय प्रशासन विभाग ने जांच के आधार पर नेहा अलकेश जैन को अध्यक्ष पद से हटाने का आदेश अगस्त 2025 में जारी किया। हालांकि उच्च न्यायालय से शासन के आदेश पर स्थगन लाकर वे पद पर बनी रहीं। भाजपा ने संगठन विरोधी गतिविधियों के चलते नवंबर 2025 में नेहा और उनके पति अलकेश जैन को पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से निष्कासित कर दिया।
राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से निर्वाचन सूचना जारी हो गई है। देवरी नगर पालिका परिषद में राइट टू रिकॉल के तहत चुनाव खाली कुर्सी या भरी कुर्सी के आधार पर होगा। हालांकि विशेषज्ञों की माने तो नगरीय निकाय चुनावों को लेकर 2025 में ही राज्य सरकार संशोधन कर चुकी है और नगर निगम की तरह नगर पालिका परिषद के चुनाव भी प्रत्यक्ष प्रणाली से करने का प्रस्ताव पारित किया है। बहरहाल माना जा रहा है कि देवरी में संशोधित कानून से पहले ही राइट टू रिकॉल की प्रक्रिया शुरू हो गई थी, इसलिए खाली कुर्सी-भरी कुर्सी के तहत चुनाव कराए जा सकते है
करीब 20 दिन पहले देवरी नगर पालिका परिषद के पार्षदों ने अध्यक्ष नेहा अलकेश जैन के विरुद्ध अविश्वास प्रस्ताव सागर कलेक्टर के समक्ष प्रस्तुत किया था. जिसमें सर्वसम्मति से प्रस्ताव को पारित किया गया था। सागर कलेक्टर की ओर से यह प्रस्ताव शासन के पास भेजा गया, जिस पर संज्ञान लेते हुए शासन ने अध्यक्ष पद से नेहा जैन को वापस बुला लिया। शासन के निर्णय लेतें ही राज्य निर्वाचन आयोग ने चुनावी प्रक्रिया भी शुरू कर दी है।