गंदे पानी का कहर, दूषित जल से 10 लोग बीमार, प्रशासन हरकत में, इंदौर के बाद बुरहानपुर में भी
इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित पानी से गई जानों के बाद अब बुरहानपुर जिले से भी गंदे पानी के कहर की खबर सामने आई है। बुरहानपुर शहर की गुरु गोविंद सिंह कॉलोनी में नलों से आ रहे दूषित पानी को पीने के बाद करीब 10 लोग बीमार हो गए हैं। बीमार लोगों में पेट दर्द, उल्टी-दस्त और डायरिया जैसे लक्षण सामने आए हैं, जिससे इलाके में हड़कंप मच गया है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि पिछले कई दिनों से नलों से बदबूदार और गंदा पानी सप्लाई हो रहा था। पानी का रंग मटमैला था और उसमें अजीब सी दुर्गंध आ रही थी। धीरे-धीरे कॉलोनी के लोग बीमार होने लगे, जिसके बाद मजबूरन नागरिकों ने नगर निगम और जिला प्रशासन से शिकायत की। शिकायत मिलते ही प्रशासन हरकत में आया और मौके पर टीमें भेजी गईं।
दूषित पानी की शिकायत के बाद नगर निगम कमिश्नर अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और पूरी स्थिति का निरीक्षण किया। जांच के दौरान वॉल्व के पास दो स्थानों पर पाइपलाइन लीकेज पाया गया। पाइपलाइन चेंबर खोलने पर उसमें भारी मात्रा में कीचड़ और गंदगी निकली। साफ नजर आ रहा था कि जिस चेंबर से पानी की सप्लाई चालू होती है, वहीं वर्षों से गंदगी जमा थी।
नगर निगम की टीम ने तत्काल लीकेज सुधारने और चेंबर की सफाई का काम शुरू कर दिया है। दूसरी ओर, स्वास्थ्य विभाग की टीमें भी सक्रिय हो गई हैं। एएनएम और स्वास्थ्य कर्मी कॉलोनी के घर-घर जाकर बीमार लोगों की जानकारी जुटा रहे हैं और लोगों को सतर्क रहने की सलाह दे रहे हैं। फिलहाल बीमार लोगों का इलाज निजी अस्पतालों में चल रहा है। साथ ही इलाके में सप्लाई हो रहे पानी के सैंपल लेकर जांच भी कराई जा रही है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि अगर समय रहते शिकायत नहीं की जाती, तो शायद प्रशासन का ध्यान इस ओर जाता ही नहीं। इंदौर की घटना के बाद भी अगर ऐसी लापरवाही सामने आ रही है, तो यह सिस्टम पर बड़ा सवाल खड़ा करती है। फिलहाल प्रशासन स्थिति को नियंत्रित करने में जुटा है, लेकिन सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या ऐसी घटनाओं से सबक लेकर स्थायी सुधार होंगे, या फिर हर बार लोग बीमार पड़ने के बाद ही सिस्टम जागेगा?