बेमौसम बारिश और ओलों का कहर, खेतों में खड़ी फसल चौपट होने से संकट में किसान
तेज आंधी और बेमौसम बारिश का जमकर कहर देखने को मिला है। जिसने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया है। किसान मायूस नज़र आ रहा है क्योंकि तेज आंधी तूफ़ान और ओलावृष्टि से खेतों में खड़ी हुई फसल चौपट हो गयी है। सबसे ज्यादा चिंता उन किसानों को सता रही है जिन्होंने लोन लिया हुआ है या क़र्ज़ लेकर फसल लगाईं थी। तस्वीरें एमपी के बुरहानपुर जिले से सामने आई है। जिन्हे देखकर ही अंदाजा लगाया जा सकता है की बारिश और ओलों ने कितना कहर मचाया है। अचानक हुई मूसलाधार बारिश से न सिर्फ जनजीवन अस्त व्यस्त हुआ। बल्कि खेतों में खड़ी हुई फसलों को भी जमकर नुक्सान पहुंचाया है।
बताया जा रहा है की तेज आंधी के साथ करीब दो घंटे तक मूसलधार बारिश हुई। जिससे जिले के शाहपुर लोनी, बिरोदा, बहादरपुर समेत कई गांवों में नुकसान की खबरें सामने आई हैं। इस प्राकृतिक आपदा का सबसे ज्यादा असर किसानों पर पड़ा है। जहां मक्का, चना और गेहूं की फसल पूरी तरह नष्ट हो गई। खेतों में पानी भर जाने से तैयार फसल सड़ने लगी है। जिससे किसानों के सामने रोज़ी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है। किसानों का कहना है की उन्होंने खेती के लिए कर्जा लेकर बीज, खाद और दवाइयां डाली थीं। अब फसल पूरी खराब हो गई है। क़र्ज़ कैसे चुकेगा और गुजारा कैसे होगा इस बात का संकट है।
ग्रामीण इलाकों में किसान काफी परेशान हैं। अगर समय पर मुआवजा नहीं मिला तो हालात और भी बिगड़ सकते हैं। परेशान किसानों ने सरकार से मदद की गुहार लगाई है। किसानों का कहना है की उनकी आजीविका खेती से ही चलती है दूसरा कोई साधन नहीं है। सरकार जल्द से जल्द मुआवजा दे ताकि आगे परेशानियों का सामना न करना पड़े। वहीं जानकारी के मुताबिक प्रशासन नुकसान का आंकलन करने में जुटा हुआ है।-