13 साल की नाबालिग बनी माँ, बच्ची को दिया जन्म, आरोपी गिरफ्तार वहीं अधीक्षिका निलंबित
एक बेहद ही हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। जिसे सुनकर शायद आपको यकीन न हो। 8 वी क्लास में पढ़ने वाली 13 साल की नाबालिग छात्रा ने एक बच्ची को जन्म दिया है। इस मामले में आरोपी युवक को गिरफ्तार किया गया है। जो नाबालिग है। वहीं दूसरी तरफ इस घटना ने हॉस्टल में छात्राओं के स्वास्थ्य परीक्षण में लापरवाही उजागर की है। मामला एमपी के बालाघाट जिले का है। जहां हॉस्टल की अधीक्षिका को निलंबित किया गया है।
बताया जा रहा है की बालाघाट जिले के गढ़ी थाना अंतर्गत परसामऊ गांव में आवासीय हॉस्टल की एक साढ़े तेरह साल की स्कूल छात्रा ने एक बच्ची को जन्म दिया है। जनजातीय कार्य विभाग की सहायक आयुक्त ने कस्तुरबा गांधी गर्ल्स हॉस्टल परसामउ की अधीक्षिका प्राथमिक शिक्षक चैनबती सैयाम को अपने कार्यों में लापरवाही बरतने के कारण तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। वहीं गढ़ी पुलिस ने आरोपी को भी गिरफ्तार किया है।
यह आवासीय हॉस्टल जिला शिक्षा केंद्र के अधीन संचालित होता है। डीपीसी जीपी बर्मन ने इस मामले में हॉस्टल वार्डन और एएनएम की लापरवाही स्वीकार करते हुए बताया कि आठवीं कक्षा में पढ़ रही पीड़ित छात्रा की तबियत ठीक नहीं रहती थी, वह ज्यादातर समय अपने घर पर ही रहती थी। उसने पुलिस में जो बयान दिया है उसके मुताबिक पीड़ित छात्रा के उसी गांव के युवक से शारीरिक संबंध थे। महिला थाना प्रभारी किरण वरकड़े ने भी डीपीसी के बयान की पुष्टि की है। फिलहाल पीड़ित छात्रा और नवजात बच्ची स्वस्थ हैं। जो जिला अस्पताल में भर्ती हैं।
सहायक आयुक्त के मुताबिक हॉस्टल की कक्षा 8वीं की एक बच्ची के गर्भवती होने और बच्ची को जन्म दिये जाने की घटना में प्रथम दृष्टया पाया गया कि अधीक्षिका चैनबती सैयाम द्वारा पीड़ित छात्रा के स्वास्थ्य में परिवर्तन होने में कोई संवेदना का परिचय नही दिया। न ही छात्रा का स्वास्थ्य परीक्षण कराया गया। अधीक्षिका ने छात्रा के हॉस्टल से बारबार गैर मौजूद रहने और उसके स्वास्थ्य को लेकर परिजनों से संपर्क नहीं किया गया। लापरवाही बरतने पर तत्काल प्रभाव से निलंबित कर किया गया है।