बुंदेलखंड के इस जगह की मछली की सप्लाई नेपाल बॉर्डर तक,12 साल बाद खुलेगा मछली बाजार
जिस जगह की मछली की सप्लाई गोरखपुर से लेकर नेपाल बॉर्डर तक की जाती है। दूसरी जगह की अपेक्षा रेट भी दोगुना मिलता है। वहां का मछली बाज़ार पिछले 12 सालों से बंद पड़ा हुआ है। जिसके अब जल्द ही दोबारा से शुरू होने की उम्मीद जताई जा रही है। कलेक्टर की पहल पर इसे दोबारा शुरू करने के प्रयास किये जा रहे हैं। दरअसल एमपी के टीकमगढ़ जिले के बल्देवगढ़ नगर परिषद में लगभग 12 सालों से मछली बाजार बंद पड़ा हुआ है। जिसे जल्द शुरू करने के लिए कलेक्टर विवेक श्रोत्रिय ने पहल की है। कलेक्टर, एसडीएम के साथ तहसीलदार ने बंद स्थल पर पहुंचकर मछली मार्केट का निरीक्षण किया और व्यवस्थाओं को लेकर अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए। कलेक्टर ने कहा कि सरकारी संपत्ति का उपयोग न होना गंभीर विषय है। और इसे शीघ्र चालू कराना प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने मछली बाजार की दुकानों का आवंटन पारदर्शी टेंडर प्रक्रिया से करने और जल निकासी, कचरा प्रबंधन, स्वच्छता, पेयजल और यातायात व्यवस्था पूरी तरह दुरुस्त करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर विवेक श्रोत्रिय ने बाजार की भौतिक स्थिति, दुकानों की संरचना, स्वच्छता व्यवस्था और आसपास के क्षेत्र का अवलोकन किया। इस दौरान एसडीएम भारती मिश्रा, तहसीलदार अनिल गुप्ता, नगर परिषद अध्यक्ष शालिनी मिश्रा, सीएमओ शांति खरे समेत पार्षद और संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। लोगो ने कलेक्टर को बताया की बल्देवगढ़ क्षेत्र की मछली गोरखपुर, नेपाल बॉर्डर नानपारा तक जाती है। और अन्य जगह की अपेक्षा मछली का दो गुना रेट मिलता है।-