दो छात्राओं के चल बसने के बाद जागी पुलिस, अब हौसला पेटी सुनेगी बच्चों के मन की बात !
बीते कुछ दिनों पहले एक ही स्कूल की दो छात्राओं ने घातक कदम उठा लिया दोनों की जान चली गयी। एमपी की दमोह पुलिस ये पता नहीं लगा पाई की आखिर दोनों छात्राओं को ये बड़ा कदम क्यों उठाना पड़ा। वह किन परेशानियों में किन मजबूरियों में थी। यह पता नहीं चल पाया है। लेकिन इन घटनाओं ने पूरे दमोह जिले को हैरान करके रख दिया। बताया गया की एक ही स्कूल में पढ़ने वाली कोतवाली और देहात थाना क्षेत्र की दो छात्राओं ने अपनी जान दे दी थी। लेकिन दोनों ने ऐसा क्यों किया। यह फ़िलहाल साफ़ नहीं है।
वहीं अब इस तरह की घटनाएं न हों इसको लेकर दमोह पुलिस ने हौसला पेटी की शुरुआत की है। जिन्हे जिले भर की सभी स्कूलों में लगाया जा रहा है। लेकिन सवाल ये है आखिर इन पेटियों को अब स्कूलों में क्यों लगाया जा रहा है। तो आपको बता दें की दो घटनाओं के बाद पुलिस प्रशासन जागा है। आगे से इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो इसका ध्यान रखा जा रहा है। इसी को लेकर अब इसकी शुरुआत की गयी है। इसका मकसद यह है की अगर कोई भी छात्र-छात्रा परेशान है। किसी भी परेशानी से गुजर रहे हैं तो इस हौसला पेटी में वह अपनी परेशानी डाल सकते हैं। पुलिस द्वारा हर रोज इसका रिव्यू किया जायेगा और उनकी समस्याओं को दूर भी किया जायेगा। साथ ही हेल्पलाइन नंबर भी जारी किया गया है। बच्चे कभी भी अपनी परेशानियों को पुलिस को बता सकते हैं।
बताया जा रहा है की यह पेटी उन बच्चों के लिए मजबूत सहारा बनेगी जो किसी भी डर के उत्पीड़न, छेड़छाड़ और मानसिक तनाव का सामना कर रहे हैं। साथ ही जो शर्म और डर की वजह से अपनी बात अन्य लोगों तक नहीं पहुंच पा रहे हैं। अब स्कूली छात्राएं अपनी समस्या को बेझिझक इस पेटी में डालकर अपनी पीड़ा को बयां कर सकते हैं पुलिस का कहना है कि बच्चे का नाम और पहचान पूरी तरह गुप्त रखी जाएगी। ताकि बिना किसी सुरक्षा की खतरे के अपनी बात पुलिस तक पहुंचा सकें।
मामले में दमोह सीएसपी एच.आर.पांडे ने जानकारी देते हुए बताया की बच्चे कभी-कभी अपना हौसला खो देते हैं। और घातक कदम उठा लेते हैं। दमोह एसपी श्रुतकीर्ति सोमवंशी के आदेश पर हौसला पति लगाई जा रही हैं। बच्चों को किसी भी प्रकार की समस्या अगर जाती है तो वह इसके माध्यम से अपनी किसी भी तरह की परेशानी बता सकते हैं। जिन्हे दूर किया जायेगा।