Sagar - रहली के प्राचीन मंदिर में बवाल, मूर्तियां ले जाने पर भड़की भीड़, महामंडलेश्वर की कार में तोड़फोड़
सागर जिले के रहली में स्थित प्राचीन शाला मंदिर में उस समय भारी हंगामा खड़ा हो गया, जब मंदिर से मूर्तियां हटाने को लेकर स्थानीय लोगों और महामंडलेश्वर के बीच विवाद हो गया। देखते ही देखते मामला इतना बढ़ गया कि आक्रोशित भीड़ ने महामंडलेश्वर की कार में तोड़फोड़ कर दी। हालात को संभालने के लिए पुलिस को मौके पर पहुंचकर हस्तक्षेप करना पड़ा।
दरअसल रहली के सुभाष चौक स्थित प्राचीन शाला मंदिर में इन दिनों निर्माण कार्य चल रहा है। सोमवार शाम करीब 7 बजे इंदौर के डाकोर खालसा से आए महामंडलेश्वर हंस पीठाधीश्वर महंत रामचरण दास महाराज अपने तीन बटुक ब्राह्मणों के साथ कार से मंदिर पहुंचे। बताया जा रहा है कि इस दौरान वे मंदिर परिसर में रखी मूर्तियों को उठाकर अपनी कार में रखने लगे।
जैसे ही यह बात स्थानीय लोगों को पता चली, इलाके में हड़कंप मच गया। रात के समय मूर्तियां ले जाने की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में लोग मंदिर परिसर में जमा हो गए और विरोध शुरू कर दिया। आक्रोशित भीड़ ने महामंडलेश्वर की कार के कांच फोड़ दिए और वाहन में सवार लोगों के साथ धक्का-मुक्की भी की। इसी दौरान वार्ड पार्षद पवन नायक भी मौके पर पहुंचे और मूर्तियों को ले जाने का विरोध किया। स्थानीय लोगों ने कार से मूर्तियां निकालकर वापस मंदिर में यथावत स्थान पर रख दीं।
मामले की सूचना मिलते ही रहली थाना प्रभारी सुनील शर्मा पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस ने महामंडलेश्वर और उनके साथियों को सुरक्षा घेरे में लेकर थाने पहुंचाया। पुलिस के अनुसार मंदिर का मुआयना किया गया है और सभी मूर्तियां सुरक्षित अपने स्थान पर हैं। फिलहाल कार के कांच तोड़ने वाले लोगों की पहचान की जा रही है और मामले की जांच जारी है।
वहीं महंत रामचरण दास महाराज का कहना है कि मंदिर में निर्माण कार्य चल रहा है, इसलिए मूर्तियों को अस्थायी रूप से पास के झाड़ी वाले मंदिर में रखने की तैयारी की जा रही थी, ताकि वहां विधिवत पूजा जारी रह सके। बताया जा रहा है कि इस मंदिर से जुड़ा विवाद पहले से ही जिला न्यायालय में लंबित है, जिसके चलते इस घटना ने स्थानीय लोगों के आक्रोश को और बढ़ा दिया है।