CM मोहन का बड़ा एक्शन! लापरवाही पर गिरी गाज, कलेक्टर-SP समेत तीन अफसर हटाए | SAGAR TV NEWS |
मध्य प्रदेश में अब लापरवाही करने वाले अफसरों के लिए कोई जगह नहीं बची है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अपने ‘जीरो टॉलरेंस’ के वादे को जमीन पर उतारते हुए बड़ा एक्शन लिया है। औचक निरीक्षण के दौरान मिली कमियों के बाद कलेक्टर, एसपी और बैंक अधिकारी समेत तीन बड़े अफसरों पर गाज गिराई गई है। मुख्यमंत्री पहले ही साफ कर चुके थे कि प्रदेश में कहीं भी, कभी भी आकस्मिक दौरा किया जा सकता है और जो भी अधिकारी लापरवाही करते पाए जाएंगे, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। अब इस चेतावनी को अमल में लाते हुए उन्होंने ताबड़तोड़ फैसले लिए हैं।
सीधी जिले के दौरे के दौरान मुख्यमंत्री ने आम जनता की शिकायतें सुनीं और प्रशासनिक व्यवस्थाओं की समीक्षा की। जांच में गंभीर खामियां सामने आने के बाद जिला सहकारी बैंक के महाप्रबंधक पी.एस. धनवाल को तत्काल निलंबित कर दिया गया, जबकि कलेक्टर स्वरोचित सोमवंशी को उनके पद से हटा दिया गया। वहीं गुना जिले में नकद राशि के हेरफेर मामले में पुलिस अधीक्षक अंकित सोनी की भूमिका संतोषजनक नहीं पाई गई। इसके चलते उन्हें भी तुरंत पद से हटा दिया गया। इस कार्रवाई ने पूरे प्रशासनिक महकमे में हलचल मचा दी है।
मुख्यमंत्री ने दो टूक शब्दों में कहा है कि जनसेवा में भ्रष्टाचार और लापरवाही बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी दी है कि वे पूरी जिम्मेदारी और ईमानदारी के साथ काम करें, अन्यथा कार्रवाई तय है। सबसे अहम बात यह है कि मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कर दिया है कि ऐसे औचक निरीक्षण आगे भी लगातार जारी रहेंगे। यानी अब प्रशासनिक तंत्र को हर समय सतर्क रहना होगा। इस सख्त रुख से एक बड़ा संदेश गया है कि सरकार अब सुशासन के मुद्दे पर कोई समझौता नहीं करेगी और जनता की शिकायतों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाएगी।