हम सभी को गिरफ्तार करो और जेल भेज दो, देखिये आखिर ऐसा क्यों बोले विधायक !
अगर जमीन ही नहीं रहेगी मकान ही नहीं रहेगा तो कहां जाएंगे। ज़िंदगी कैसे जीएंगे, बच्चों का पालन पोषण कैसे होगा। यह बात कांग्रेस विधायक सुरेंद्र सिंह बघेल ने कही है। उनका कहना है की आदिवासी अधिकारों पर सीधा हमला बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अभी तो कुछ ही लोग आये हैं अगर बात नहीं मानी गयी तो हज़ारों लोग आएंगे और कहेंगे की उन्हें जेल पहुंचा दो। दरअसल यह बात एमपी के धार जिले के कुक्षी से विधायक सुरेंद्र सिंह बघेल ने थाने का घेराव करने के दौरान कही। दरअसल कुक्षी क्षेत्र में आदिवासी बाहुल्य गाँवों में सीमेंट फैक्ट्री के लिए चूना पत्थर की ड्रिलिंग का ग्रामीणों द्वारा लगातार विरोध किया जा रहा है। इसी मुद्दे को लेकर कुक्षी थाने का घेराव किया गया। जिसमें बड़ी संख्या में ग्रामीण और आदिवासी समाज के लोग शामिल हुए। ग्रामीणों का आरोप है कि बिना ग्रामसभा की अनुमति के ड्रिलिंग कार्य शुरू किया गया। जो न केवल कानून का उल्लंघन है। बल्कि आदिवासी समाज के अधिकारों का खुला हनन भी है। यह क्षेत्र संविधान की पाँचवीं अनुसूची के अंतर्गत आता है जहां ग्रामसभा की सहमति अनिवार्य होती है। PESA Act (पंचायत (अनुसूचित क्षेत्रों में विस्तार) अधिनियम) ग्रामसभा को प्राकृतिक संसाधनों पर निर्णय लेने का अधिकार देता है। वहीं वन अधिकार अधिनियम आदिवासियों के पारंपरिक अधिकारों की रक्षा करता है। इन सभी संवैधानिक प्रावधानों की अनदेखी करते हुए प्रशासन द्वारा की जा रही कार्रवाई को ग्रामीणों ने जल, जंगल और जमीन पर सीधा हमला बताया है। प्रदर्शनकारियों ने आफ चेतावनी दी है कि इस तरह की गतिविधियों को किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा और ज़रूरत पड़ने पर आंदोलन को और उग्र किया जाएगा। विधायक सुरेंद्र सिंह हनी बघेल ने कहा की अगर लोगों के पास जमीन और मकान ही नहीं रहेगा तो वो कहां जायेंगे और क्या करेंगे।---