सरकारी दफ्तरों की बिजली गुल, लाखों-करोड़ों का बकाया, अंधेरे में ठप पड़े काम
एमपी के रीवा से एक चौंकाने वाली तस्वीर सामने आई है, जहां सरकारी दफ्तर ही बिजली बिल न भरने के कारण अंधेरे में डूब गए हैं। जनपद पंचायत कार्यालय का बिजली कनेक्शन काट दिया गया है, जिसके बाद कर्मचारी और आम जनता दोनों ही भारी परेशानियों का सामना कर रहे हैं। जानकारी के मुताबिक, जनपद पंचायत कार्यालय पर करीब 3 से 4 लाख रुपए का बिजली बिल बकाया था। बिजली विभाग ने कई बार नोटिस जारी किए, लेकिन भुगतान नहीं होने पर आखिरकार कनेक्शन काटने की कार्रवाई कर दी गई।
अब हालात ये हैं कि भीषण गर्मी में कर्मचारी बिना बिजली के काम करने को मजबूर हैं, कागज के पंखे बनाकर खुद को हवा कर रहे हैं। न कंप्यूटर चल रहे हैं, न जरूरी दस्तावेजों का काम हो पा रहा है। इससे न सिर्फ कर्मचारियों की परेशानी बढ़ी है, बल्कि आम लोगों के काम भी अटक गए हैं। बिजली विभाग के अनुसार, मामला सिर्फ जनपद पंचायत तक सीमित नहीं है। नगर निगम पर करीब 1.80 करोड़ रुपए और अन्य विभागों सहित कुल 3.5 करोड़ रुपए से ज्यादा का बकाया है। ऐसे में विभाग ने साफ चेतावनी दी है कि यदि जल्द भुगतान नहीं किया गया, तो अन्य सरकारी कार्यालयों के कनेक्शन भी काट दिए जाएंगे।
इस स्थिति ने एक बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है—जो नगर निगम आम जनता से टैक्स वसूली के लिए सख्ती करता है, वही खुद अपने बिलों का भुगतान क्यों नहीं कर पा रहा? कार्यालय में काम करने वाले कर्मचारी और यहां आने वाले आवेदक दोनों ही इस स्थिति से परेशान हैं और जल्द समाधान की मांग कर रहे हैं। फिलहाल, यह मामला सरकारी वित्तीय अनुशासन और जिम्मेदारी पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है। क्या जल्द बहाल होगी बिजली या बढ़ेगी परेशानी? हर अपडेट के लिए बने रहिए हमारे साथ।