TET परीक्षा के विरोध में सड़कों पर उतरे शिक्षक! DPI के बाहर हंगामा, आदेश रद्द करने की मांग
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में आज शिक्षकों का गुस्सा सड़कों पर फूट पड़ा। टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट यानी TET परीक्षा के विरोध में बड़ी संख्या में शिक्षक लोक शिक्षण संचालनालय (DPI) के बाहर एकत्र हुए और जोरदार प्रदर्शन किया। दरअसल, स्कूल शिक्षा विभाग ने 2009 से पहले भर्ती हुए शिक्षकों के लिए फिर से पात्रता परीक्षा आयोजित करने का फैसला लिया है। इस फैसले के खिलाफ प्रदेशभर में नाराजगी देखी जा रही है और शिक्षक लगातार इसका विरोध कर रहे हैं।
बुधवार को भोपाल में अलग-अलग जिलों से पहुंचे शिक्षकों ने हाथों में तख्तियां लेकर नारेबाजी की और आदेश निरस्त करने की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। शिक्षकों का कहना है कि वर्षों से सेवा दे रहे कर्मचारियों को दोबारा परीक्षा देना अन्यायपूर्ण है। प्रदर्शन के दौरान शिक्षक आयुक्त शिल्पा गुप्ता से मिलने की मांग पर अड़े रहे। हालांकि प्रशासन की ओर से केवल चार प्रतिनिधियों को ही अंदर जाकर ज्ञापन सौंपने की अनुमति दी गई, जिससे बाकी शिक्षक नाराज नजर आए।
शिक्षकों ने चेतावनी दी है कि यदि आदेश वापस नहीं लिया गया, तो आंदोलन और तेज किया जाएगा। संयुक्त अध्यापक मोर्चा के बैनर तले 18 अप्रैल को प्रदेशभर के शिक्षक अपने परिवार के साथ भोपाल पहुंचकर बड़ा आंदोलन करेंगे और तब तक डटे रहेंगे, जब तक सरकार निर्णय वापस नहीं लेती। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि जब उनकी नियुक्ति हुई थी, तब इस तरह की परीक्षा की कोई शर्त नहीं थी। ऐसे में वर्षों बाद नई शर्त लागू करना पूरी तरह अनुचित है।
शिक्षकों ने यह भी आरोप लगाया कि उन्हें पहले से ही चुनाव, जनगणना और अन्य प्रशासनिक कार्यों में लगाया जाता है, जिससे पढ़ाई का समय भी प्रभावित होता है। ऐसे में परीक्षा की तैयारी के लिए समय निकालना बेहद मुश्किल है। फिलहाल यह मुद्दा तूल पकड़ता जा रहा है और अब देखना होगा कि सरकार इस पर क्या रुख अपनाती है।