पुलिस की दबं गई पर बड़ा एक्शन, घर में घुसने के आरोप में 5 पुलिसकर्मी सस्पेंड
एमपी के इंदौर से पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े करने वाली एक बड़ी खबर सामने आई है। लसूड़िया थाना क्षेत्र में एक कारोबारी के घर पुलिस की कथित कार्रवाई अब विवादों में घिर गई है। आरोप इतने गंभीर हैं कि प्रशासन को तुरंत एक्शन लेते हुए 5 पुलिसकर्मियों को सस्पेंड करना पड़ा है। दरअसल, कारोबारी गौरव जैन ने पुलिस पर आरोप लगाया है कि पुलिसकर्मी बिना किसी वारंट के उनके घर में घुस गए। इतना ही नहीं, उन्होंने घर में लगे CCTV कैमरों को पहले बंद कराया और फिर मास्टर चाबी से ताला खोलकर अंदर प्रवेश किया। कारोबारी का कहना है कि यह पूरी कार्रवाई किसी वैधानिक प्रक्रिया के तहत नहीं, बल्कि दबाव बनाने के लिए की गई।
गौरव जैन के मुताबिक, यह मामला एक प्रॉपर्टी विवाद से जुड़ा हुआ है, जिसमें एक रिटायर्ड एसीपी के प्रभाव का भी जिक्र किया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस ने “चोरों की तरह” घर में घुसकर न सिर्फ उनकी निजता का उल्लंघन किया, बल्कि घर में रखे सामान को भी नुकसान पहुंचाया। यहां तक कि कुछ कीमती गहने ले जाने का भी आरोप लगाया गया है। इस पूरे घटनाक्रम के बाद कारोबारी ने CCTV फुटेज के साथ पुलिस अधिकारियों से शिकायत की, जिसके बाद मामला तूल पकड़ गया। जैसे ही मामला वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंचा, तत्काल जांच के आदेश दिए गए।
प्राथमिक जांच में मामला गंभीर पाए जाने पर पुलिस प्रशासन ने एसआई संजय विश्नोई, हेड कॉन्स्टेबल प्रणीत भदौरिया, रवींद्र कुशवाह, दीपेंद्र मिश्रा और दिनेश गुर्जर को सस्पेंड कर दिया है। एडिशनल डीसीपी जोन-2 अमरेंद्र सिंह ने बताया कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है और जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस घटना के बाद इंदौर में पुलिस की कार्यप्रणाली पर बहस तेज हो गई है। सवाल यह है कि कानून के रखवाले अगर नियम तोड़ेंगे, तो आम जनता का भरोसा कैसे कायम रहेगा?