दो बच्चों का अपहरण 15 लाख की फिरौती,पुलिस ने 7 घंटे में ढूंढ निकाला,पति-पत्नी समेत 4 गिरफ्तार
दो बच्चों के पास एक युवती पहुंची और उनका अपहरण कर लिया गया। इसके बाद बच्चों के परिजनों के पास 15 लाख रूपये की फिरौती के लिए फोन किया गया। ये खबर आग की तरह फैली। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने इस मामले को बेहद गंभीरता से लिया। एड़ी-चोटी का जोर का जोर लगाते हुए टीम ने महज 7 घंटे में ही बच्चों को सकुशल बरामद कर लिया साथ ही 4 आरोपियों को भी गिरफ्तार किया। हैरानी की बात ये है की इसमें दो भाई-बहन और पति-पत्नी शामिल हैं। यह पूरी घटना इंदौर जिले की है। जहां पलासिया थाना क्षेत्र में दो बच्चों को बहला फुसलाकर उनका अपहरण किया गया था। राजेंद्र नगर इलाके की एक मल्टी से उन्हें ढूंढ निकाला।
बताया गया की पलासिया थाना क्षेत्र के गीता नगर से दो नाबालिग बच्चों को एक युवती बहला फुसलाकर अपने साथ ले गई। जिसके बाद दोनों बच्चों के परिजनों के पास फिरौती के लिए फोन आया और 15 लाख रुपए की डिमांड की गई। घटना गीता नगर और तिलक नगर इलाके में आग की तरह फैली। क्षेत्र के लोग सड़कों पर निकल आए। मौके पर पहुंची पुलिस ने जब सीसीटीवी खंगाले तो एक युवती दोनों ही बच्चों को अपने साथ ले जाती दिखाई दी। जिसके बाद पुलिस ने सीसीटीवी की चैन बनाकर युवती का पीछा किया साथ ही कॉल करने वाले नंबर की टॉवर लोकेशन भी तलाश की, लेकिन फिरौती मांगने के बाद फोन बंद हो गया। करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद पुलिस को बच्चों और अपहरणकर्ताओं की लोकेशन मिली। पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर कार्रवाई की। जहां पुलिस ने दो युवतियों और दो पुरुषों को मौके से भागते हुए पकड़ा।
पुलिस के मुताबिक सीसीटीवी फुटेज, टेक्निकल सर्विलांस और लोकल मुखबिरों की मदद से सुराग जुटाए। जांच आगे बढ़ी तो पता चला कि दोनों बच्चों को राजेंद्र नगर स्थित एक मल्टी में छुपाकर रखा गया है। पुलिस टीम मौके पर पहुंची और दोनों बच्चों को सकुशल बरामद किया। छापेमारी के दौरान आरोपी भागने लगे। जिन्हे पुलिस ने दबोचा। आरोपियों ने कथित तौर पर 15 लाख रुपए की फिरौती की मांग व्हाट्सऐप के माध्यम से भेजी थी। पुलिस ने डिमांड से जुड़े डिजिटल साक्ष्य भी जब्त कर लिए हैं।
हिरासत में लिए गए आरोपियों में दो भाई-बहन राधिका और विनीत, साथ ही एक दंपत्ति ललित और उसकी पत्नी तनीषा शामिल हैं। तनीषा और राधिका एक-दूसरे की दोस्त हैं। जांच में सामने आया कि आरोपी परिवार बच्चों के परिचित थे। जिससे उन्हें अपहरण करना आसान हुआ। फ़िलहाल बच्चों को उनके परिजनों को सौंपा गया है। पुलिस को आशंका है कि इस मामले में और लोग भी शामिल हो सकते हैं। पूछताछ करते हुए जांच की जा रही है।------