तीन दिन से बंद पड़ी खरीदी, सूनी मंडी में भटक रहे किसान, सरकारी दावे फेल ! | SAGAR TV NEWS |
एमपी के सागर संभाग के छतरपुर जिले के बक्सवाहा से किसानों की परेशानी की बड़ी तस्वीर सामने आई है, जहां सरकार के समर्थन मूल्य खरीदी के दावे पूरी तरह फेल नजर आ रहे हैं। बक्सवाहा मंडी में पिछले तीन दिनों से खरीदी कार्य लगभग ठप पड़ा है। खरीदी केंद्रों पर ताले लटके हैं, जिम्मेदार अधिकारी और कर्मचारी नदारद हैं, जबकि किसान भीषण गर्मी में अपनी उपज लेकर दर-दर भटकने को मजबूर हैं। जानकारी के मुताबिक सेवा सहकारी समिति मर्यादित बक्सवाहा के अंतर्गत बक्सवाहा, सैडारा और सुनवाहा खरीदी केंद्र बनाए गए हैं, लेकिन जमीनी हालात बेहद खराब हैं। मंडी परिसर में खरीदी कार्य बंद पड़ा है और किसानों के लिए जरूरी मूलभूत सुविधाएं भी नजर नहीं आ रहीं।
हालात इतने खराब हैं कि जहां मंडी में किसानों की भीड़ और ट्रैक्टर-ट्रॉलियों की कतारें दिखनी चाहिए थीं, वहां सन्नाटा पसरा हुआ है। बंद पड़े खरीदी केंद्र प्रशासनिक दावों की पोल खोल रहे हैं। किसानों का आरोप है कि गेहूं उपार्जन योजना से जुड़े अधिकारी लगातार गायब रहते हैं, जिसके कारण खरीदी पूरी तरह प्रभावित हो रही है। भीषण गर्मी के बीच किसान ट्रैक्टर-ट्रॉली और बोरी भर अनाज लेकर मंडी पहुंचते हैं, लेकिन घंटों इंतजार के बाद भी उनकी उपज नहीं तौली जाती। परेशान किसानों का कहना है कि प्रशासनिक लापरवाही के चलते उनका डीजल, मजदूरी और पूरा दिन बर्बाद हो रहा है। कई किसानों को बिना खरीदी के ही वापस लौटना पड़ रहा है।
किसानों ने यह भी आरोप लगाया कि अधिकारी केवल कागजों में खरीदी व्यवस्था सुचारू दिखाने में लगे हैं, जबकि असलियत में पूरी व्यवस्था चरमरा चुकी है। किसानों का कहना है कि मंडी में पर्याप्त वारदाना उपलब्ध होने के बावजूद खरीदी केंद्र बंद पड़े हैं। इस पूरे मामले ने प्रशासनिक कार्यप्रणाली और सरकार के दावों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना होगा कि किसानों की समस्याओं का समाधान कब तक होता है या फिर मंडी में यूं ही ताले लटके रहेंगे और किसान परेशान होते रहेंगे।