सागर-वेयरहाउस पहुंचीं मिट्टी से भरी 600 बोरियां, मचा हड़कंप, गेहूं खरीदी का बड़ा घोटाला?
सागर जिले में गेहूं खरीदी व्यवस्था पर सवाल खड़े करने वाला एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां एक वेयरहाउस में गेहूं की बोरियों से भरा ट्रक पहुंचा, लेकिन जब गुणवत्ता जांच की गई तो कर्मचारियों के होश उड़ गए। बोरियों में गेहूं की जगह बड़ी मात्रा में मिट्टी भरी मिली। बताया जा रहा है कि करीब 600 बोरियां ऐसी थीं, जिनमें गेहूं बेहद कम और मिट्टी ज्यादा थी। घटना सामने आते ही वेयरहाउस में हड़कंप मच गया। जानकारी के अनुसार शनिवार को एक ट्रक गेहूं की बोरियां लेकर वेयरहाउस पहुंचा था। मजदूर और कर्मचारी नियमित प्रक्रिया के तहत बोरियां उतार रहे थे। इसी दौरान एक कर्मचारी ने संदेह होने पर एक बोरी की जांच की। बोरी खोलते ही सभी हैरान रह गए, क्योंकि उसमें करीब 10 प्रतिशत गेहूं और 90 प्रतिशत मिट्टी भरी हुई थी।
कर्मचारी ने तुरंत इसकी जानकारी संबंधित सुपरवाइजर को दी। सूचना मिलने पर सुपरवाइजर ने अन्य बोरियों की भी जांच शुरू कराई। जांच में एक के बाद एक कई बोरियों में वही स्थिति सामने आई। बताया जा रहा है कि ट्रक में लदी लगभग सभी बोरियों में गेहूं की जगह भारी मात्रा में मिट्टी भरी हुई थी। मामले का खुलासा होते ही वेयरहाउस प्रबंधन में अफरा-तफरी मच गई। सूत्रों के अनुसार बोरियों को तत्काल वापस ट्रक में लादकर रवाना कर दिया गया। इस पूरे घटनाक्रम के बाद कई सवाल खड़े हो रहे हैं कि आखिर इतनी बड़ी मात्रा में मिट्टी मिली बोरियां वेयरहाउस तक कैसे पहुंच गईं और गुणवत्ता जांच की प्रक्रिया में यह गड़बड़ी पहले क्यों नहीं पकड़ी गई।
घटना को लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म है। बताया जा रहा है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए संबंधित विभाग के अधिकारी जानकारी जुटाने में लगे हैं। वहीं यह भी चर्चा है कि पूरे मामले को दबाने और लीपापोती करने की कोशिश की जा रही है। हालांकि इस संबंध में अभी तक किसी अधिकारी का आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री गोविंद सिंह राजपूत के गृह जिले सागर में सामने आए इस मामले ने गेहूं खरीदी व्यवस्था की पारदर्शिता पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं, तो यह केवल एक वेयरहाउस की गड़बड़ी नहीं बल्कि पूरे सिस्टम की जवाबदेही पर गंभीर प्रश्नचिन्ह होगा। अब सभी की नजर प्रशासनिक जांच और आगे होने वाली कार्रवाई पर टिकी हुई है।