Sagar-रेलवे बुलडोजर कार्रवाई पर हाईकोर्ट की रोक, प्रभावित परिवारों को मिली बड़ी राहत | SAGAR TV NEWS
सागर जिले के बीना में रेलवे की बुलडोजर कार्रवाई को लेकर हाईकोर्ट से बड़ा फैसला सामने आया है। बीना-सागर रेल लाइन के किनारे बने मकानों पर हुई कार्रवाई के खिलाफ दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने रेलवे को सख्त निर्देश दिए हैं। कोर्ट ने साफ कहा है कि बिना उचित प्रक्रिया और सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन का पालन किए किसी भी संपत्ति पर बलपूर्वक कार्रवाई नहीं की जा सकती। इस आदेश से प्रभावित परिवारों को बड़ी राहत मिली है। दरअसल, 10 जून को रेलवे प्रशासन ने बीना-सागर रेल लाइन के किनारे बने 36 मकानों पर बुलडोजर कार्रवाई की थी। इस कार्रवाई के बाद प्रभावित लोगों ने न्यायालय का दरवाजा खटखटाया था। मामले में अधिवक्ता महेंद्र कुमार नवैया के माध्यम से हाईकोर्ट में रिट याचिका दायर की गई थी।
सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता की ओर से कोर्ट के समक्ष दस्तावेज और जवाब प्रस्तुत किए गए। इसके बाद न्यायालय ने रेलवे प्रशासन को निर्देशित किया कि वह याचिकाकर्ता के जवाब और दस्तावेजों पर सुनवाई करे तथा सर्वोच्च न्यायालय द्वारा तय की गई गाइडलाइन का पूरी तरह पालन सुनिश्चित करे। कोर्ट ने अपने आदेश में यह भी स्पष्ट कर दिया कि जब तक याचिकाकर्ता के जवाब पर अंतिम निर्णय नहीं हो जाता, तब तक संबंधित संपत्ति के खिलाफ किसी भी तरह की बलपूर्वक ध्वस्तीकरण कार्रवाई नहीं की जाएगी।
साथ ही अदालत ने यह भी कहा कि बिना कारण बताओ नोटिस, व्यक्तिगत सुनवाई और अपील का अवसर दिए किसी नागरिक के खिलाफ कठोर कदम नहीं उठाया जा सकता। इस फैसले को केवल बीना के प्रभावित परिवारों के लिए ही नहीं, बल्कि पूरे प्रदेश के नागरिकों के लिए एक महत्वपूर्ण संदेश माना जा रहा है। यह आदेश बताता है कि कानून के शासन में हर नागरिक को न्याय और अपनी बात रखने का अधिकार है।