Sagar - देवरी अध्यक्ष नेहा अलकेश जैन पर धोखाधड़ी का मामला दर्ज, गिरफ्तारी की लटकी तलवार
सागर जिले की देवरी नगर पालिका अध्यक्ष नेहा अलकेश जैन की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं अब उनके खिलाफ धोखाधड़ी और कूटरचना जालसाजी के गंभीर आरोपों के तहत आपराधिक मामला दर्ज किया है। वर्ष 2023 में नेहा ने अध्यक्ष रहते हुए प्रेसिडेंट-इन-काउंसिल यानी पीआईसी की महिला सदस्य के फर्जी दस्तखत किए थे। जांच में दस्तखत फर्जी पाए जाने पर आईपीसी की धारा 420 धोखाधड़ी, 467 और 471 के तहत मुकदमा दर्ज किया है।
एफआईआर के अनुसार पार्षद सुनीता लोधी वर्ष 2024 में 22 फरवरी तक पीआईसी सदस्य थीं। इससे पूर्व की 10 बैठकों के दौरान वे व्यक्तिगत रूप से उपस्थित नहीं थी लेकिन प्रस्ताव को मनमाने ढंग से पारित कराने के उद्देश्य से उपस्थिति रजिस्टर में उनके फर्जी हस्ताक्षर किए जाते रहे। मुख्य रूप से 23 जनवरी, 31 जनवरी, 1 मार्च, 11 अप्रैल, 9 मई और 31 मई 2023 की बैठकों का उल्लेख किया गया है, जिनमें कथित तौर पर फर्जी साइन कर विभिन्न निर्माण व विकास कार्यों की स्वीकृतियां जारी कराई गईं।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामला दर्ज कर विस्तृत विवेचना शुरू कर दी गई है और साक्ष्य के आधार पर जल्द ही नगरपालिका अध्यक्ष की गिरफ्तारी की कार्रवाई की जा सकती है।
भरी कुर्सी से जीत कर फिर से नपाध्यक्ष पद संभाल रहीं नेहा की
मुश्किलें बढ़ गई है। नेहा के अध्यक्षीय कार्यकाल में वार्ड क्रमांक 5 की पार्षद सुनीता दामोदर लोधी पीआईसी सदस्य भी रही थीं। उन्होंने देवरी पुलिस थाने में लिखित शिकायत की थी। इसमें आरोप लगाया था कि पीआईसी की बैठकों में उनकी अनुपस्थिति के बाद भी फर्जी दस्तखत किए गए। इस तरह उन्हें हाजिर दिखाकर बैठकों के फैसलों पर मुहर लगाई गई। बता दें कि हाल में नेहा अलकेश जैन पर एक और प्रकरण दर्ज हो चुका है।