बारिश के बाद शिप्रा में बढ़ा जलस्तर, रामघाट पर टला बड़ा हादसा! SDRF ने 3 श्रद्धालुओं को बचाया
एमपी के उज्जैन में लगातार हो रही बारिश का असर अब पवित्र शिप्रा नदी पर भी दिखाई देने लगा है। बारिश के बाद शिप्रा नदी का जलस्तर करीब 2 से 3 फीट तक बढ़ गया है। बढ़ते जलस्तर के कारण रामघाट सहित कई घाटों पर बने छोटे देवस्थल और पूजा स्थल पानी में डूब गए हैं। इसी बीच रामघाट पर एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया, जहां स्नान के दौरान तीन श्रद्धालुओं की जान पर बन आई, लेकिन SDRF की तत्परता ने उन्हें सुरक्षित बाहर निकाल लिया। जानकारी के अनुसार घटना गुरुवार सुबह करीब 6 बजे की है। उत्तर प्रदेश से आए तीन श्रद्धालु महाकाल दर्शन के बाद रामघाट पर शिप्रा नदी में स्नान करने पहुंचे थे। स्नान के दौरान श्रद्धालु प्रभात अचानक गहरे पानी की तरफ चले गए और संतुलन बिगड़ने से डूबने लगे।
अपने साथी को संकट में देख हर्ष नामक युवक उसे बचाने के लिए आगे बढ़ा, लेकिन वह भी गहरे पानी में फंस गया। अचानक मचे हड़कंप के बीच दोनों युवकों ने नदी में सुरक्षा के लिए लगाई गई फ्लोटिंग बॉल का सहारा लेकर खुद को संभालने का प्रयास किया। घाट पर मौजूद लोगों में भी अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
घटना की सूचना मिलते ही मौके पर तैनात SDRF के जवान तुरंत सक्रिय हो गए। बिना समय गंवाए जवान नदी में कूद पड़े और रेस्क्यू अभियान शुरू किया। समय रहते किए गए इस अभियान से तीनों श्रद्धालुओं को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया और एक बड़ा हादसा टल गया।
उधर बढ़ते जलस्तर को देखते हुए SDRF और प्रशासन लगातार अलर्ट मोड पर हैं। घाटों पर लाउडस्पीकर के जरिए लगातार अनाउंसमेंट किए जा रहे हैं और श्रद्धालुओं से बैरिकेडिंग के बाहर नहीं जाने तथा गहरे पानी में उतरने से बचने की अपील की जा रही है। बारिश के मौसम में शिप्रा नदी का बढ़ता जलस्तर अब प्रशासन के लिए चुनौती बनता जा रहा है।