MP | 10 लाख की रंगदारी नहीं मिली तो प्लांट में मचा दिया तां डव! सरपंच-जनपद सदस्य समेत 3 गिरफ्तार
एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां कथित तौर पर 10 लाख रुपये की रंगदारी नहीं मिलने पर माइक्रो सिंचाई परियोजना के प्लांट में भीषण आगजनी कर दी गई। इस आग में करोड़ों रुपये का सामान जलकर राख हो गया। मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए जनपद सदस्य, सरपंच सहित तीन लोगों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि अन्य आरोपियों की तलाश जारी है। मामला एमपी के बालाघाट जिले के लामता थाना क्षेत्र स्थित राघोटोला के संगम घाट का है, जहां त्रिराज वेंचर्स प्राइवेट लिमिटेड के माइक्रो सिंचाई परियोजना के PH-2 प्लांट में देर रात अफरा-तफरी मच गई। कंपनी के गार्ड अतुल बघेले की शिकायत के अनुसार, 1 जुलाई को ग्राम परतापुर के सरपंच राजेश सिरसाम, जनपद सदस्य भुवनेश्वर रजक, राकेश दमाहे और उनके साथ 7 से 8 लोग प्लांट पहुंचे थे। आरोप है कि इन लोगों ने कंपनी प्रबंधन से 10 लाख रुपये की मांग की।
जब कंपनी की ओर से कथित रंगदारी की रकम देने से इनकार किया गया, तो माहौल अचानक तनावपूर्ण हो गया। शिकायत के मुताबिक, आरोपियों में शामिल एक व्यक्ति पेट्रोल से भरी केन लेकर आया था। इसके बाद प्लांट परिसर में रखे पाइप, मशीनें और अन्य सामग्री पर पेट्रोल छिड़ककर आग लगा दी गई। आग इतनी भयावह थी कि देखते ही देखते पूरे परिसर में धुएं का गुबार फैल गया। गार्ड अतुल बघेले ने आग रोकने की कोशिश की, लेकिन आरोप है कि उस पर भी पेट्रोल डालकर जिंदा जलाने का प्रयास किया गया। इस दौरान उसके हाथ झुलस गए, हालांकि उसने बारिश के पानी की मदद से किसी तरह खुद को बचा लिया। घटना के दौरान प्लांट में मौजूद कर्मचारी जान बचाकर भाग निकले। कंपनी का दावा है कि आगजनी में प्लास्टिक पाइप, एचडीपीई फिटिंग, वाल्व, पैनल और अन्य उपकरणों सहित करीब 4 से 5 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। पुलिस ने मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और बाकी की तलाश जारी है।