यूको बैंक घोटाले में पूर्व बैंक मैनेजर समेत 6 आरोपी गिरफ्तार, करोड़ों की धोखाधड़ी का नेटवर्क बेनकाब
यूको बैंक से जुड़े बहुचर्चित धोखाधड़ी मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए पूरे फर्जीवाड़े का पर्दाफाश कर दिया है। बैंक के खाताधारकों के साथ लाखों रुपये की हेराफेरी करने के आरोप में मुख्य आरोपी राहुल राठौड़, पूर्व बैंक मैनेजर त्रिलोक झा समेत छह लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस का दावा है कि यह सिर्फ शुरुआत है और इस घोटाले से जुड़े कई अन्य लोगों की तलाश अभी जारी है। जानकारी के मुताबिक 26 मई को एमपी के रतलाम जिले में स्थित यूको बैंक के कई खाताधारकों ने अपने खातों से संदिग्ध तरीके से रकम गायब होने की शिकायत की थी। मामला सामने आते ही पुलिस ने बैंक रिकॉर्ड, तकनीकी साक्ष्य और लेन-देन की गहन जांच शुरू की।
जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि बैंक का एक आउटसोर्स कर्मचारी सुनियोजित तरीके से खाताधारकों के खातों में हेरफेर कर लाखों रुपये निकाल रहा था। इस पूरे खेल में बैंक के अंदरूनी सिस्टम का भी कथित रूप से दुरुपयोग किया गया। साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने मुख्य आरोपी राहुल राठौड़, पूर्व बैंक मैनेजर त्रिलोक झा सहित कुल छह आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पूछताछ में कई महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आई हैं, जिससे संकेत मिल रहे हैं कि इस फर्जीवाड़े में और भी लोग शामिल हो सकते हैं।
पुलिस का कहना है कि आरोपियों ने बेहद सुनियोजित तरीके से इस धोखाधड़ी को अंजाम दिया था। फिलहाल सभी गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ जारी है और पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि मामले में फरार अन्य संदिग्धों की तलाश के लिए अलग-अलग स्थानों पर लगातार दबिश दी जा रही है। अधिकारियों का दावा है कि जल्द ही पूरे गिरोह का खुलासा कर सभी आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा।
यूको बैंक घोटाले के खुलासे ने बैंकिंग सुरक्षा व्यवस्था पर भी कई सवाल खड़े कर दिए हैं। अब सभी की नजर पुलिस जांच पर टिकी है कि इस फर्जीवाड़े का मास्टरमाइंड कौन है और खाताधारकों की रकम की भरपाई कैसे होगी। पुलिस का कहना है कि जांच तेजी से आगे बढ़ रही है और जल्द ही इस पूरे घोटाले से जुड़े कई और बड़े खुलासे सामने आ सकते हैं।