CM की बड़ी घोषणाएं ! ₹5,017 करोड़ की विकास सौगात, लेकिन जिला बनाने की मांग फिर अधूरी
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उज्जैन जिले के नागदा में करोड़ों रुपये की विकास परियोजनाओं की सौगात दी। कर्नाटक के राज्यपाल डॉ. थावरचंद गहलोत की मौजूदगी में मुख्यमंत्री ने ₹5,017 करोड़ की लागत से बनने वाले उज्जैन-जावरा फोरलेन ग्रीनफील्ड हाईवे और केंद्रीय विद्यालय का भूमिपूजन किया। हालांकि, लंबे समय से उठ रही नागदा को जिला बनाने की मांग एक बार फिर अधूरी रह गई, जिससे स्थानीय लोगों में मायूसी भी देखने को मिली।
उज्जैन जिले के नागदा में आयोजित भव्य कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 99 किलोमीटर लंबे उज्जैन-जावरा फोरलेन ग्रीनफील्ड मार्ग, केंद्रीय विद्यालय और कई विकास कार्यों का भूमिपूजन किया। इसके साथ ही जन सेवा प्रहरी (वॉलंटियर नेटवर्क) का शुभारंभ किया, कृषि उत्पादों पर आधारित पुस्तिका का विमोचन किया तथा विभिन्न हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ और जनसेवा प्रहरियों को हेलमेट वितरित किए।
मुख्यमंत्री ने मंच से कहा कि डेढ़ वर्ष पहले जिन विकास कार्यों की घोषणा की थी, उन्हें अब धरातल पर उतारा जा रहा है। उन्होंने जावरा-नागदा-उज्जैन मार्ग के चौड़ीकरण के प्रयास, आईटीआई कॉलेज की स्थापना और बटलावदी-निनावटखेड़ा के बीच नए डैम के निर्माण की भी घोषणा की। हालांकि, कार्यक्रम के दौरान सबसे ज्यादा चर्चा नागदा को जिला बनाए जाने की मांग को लेकर रही। मुख्यमंत्री ने इस मुद्दे पर कोई स्पष्ट घोषणा नहीं की। उन्होंने कहा कि नागदा को स्मार्ट सिटी की कनेक्टिविटी से जोड़ने की दिशा में कार्य किया जा रहा है। इसके बाद स्थानीय लोगों में जिला बनाने की मांग को लेकर निराशा भी देखने को मिली।
उज्जैन सांसद अनिल फिरोजिया ने मुख्यमंत्री द्वारा दी गई सौगातों का स्वागत करते हुए कहा कि इन विकास कार्यों का लाभ क्षेत्र को आने वाले समय में मिलेगा। वहीं, जब उनसे नागदा को जिला बनाने के सवाल पर प्रतिक्रिया मांगी गई तो उन्होंने भी स्मार्ट सिटी कनेक्टिविटी का हवाला देते हुए सीधे जवाब से परहेज किया। इधर मुख्यमंत्री के दौरे के दौरान जिला पंचायत सदस्य राधा मालवीय को कथित तौर पर काले झंडे दिखाने की आशंका में पुलिस ने हिरासत में ले लिया। उन्हें महिदपुर रोड थाने ले जाया गया, जहां कुछ समय तक हाई-वोल्टेज ड्रामा चलता रहा। इस घटनाक्रम ने मुख्यमंत्री के दौरे के साथ-साथ राजनीतिक चर्चाओं को भी हवा दे दी।