कलेक्टर की ताबड़तोड़ कार्यवाई 6 शराब दुकानों के लाइसेंस निलंबित, सात लाख से ज्यादा जुर्माना भी
शराब दुकानों में अनियमितताएं पाए जाने के बाद कलेक्टर ने बड़ी कार्यवाई की है। जहां छह शराब दुकानों के शराब लाइसेंस निलंबित कर दिए हैं वहीं पांच दुकानों पर सात लाख से ज्यादा का जुर्माना लगाया गया है। दमोह जिले में अनियमितता पाए जाने के बाद कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने कार्यवाई की है। कलेक्टर की माने तो शासन के निर्देशों के तहत सभी शराब दुकान संचालक अपनी दुकान चलाएं।
बताया जा रहा है की जिन शराब दुकानों पर लाइसेंस निलंबन की कार्रवाई की गई है। वहां अवैध शराब बिकने और अन्य अनियमितताओं की शिकायतें अलग-अलग माध्यमों से मिल रही थी। कलेक्टर प्रताप नारायण यादव का कहना है की गांव-गांव अवैध शराब बिकने से युवा पीढ़ी गलत रास्ते पर जा रही है जो हाथ समाज और राष्ट्र निर्माण में आगे आने चाहिए वह दिशाहीन हो गए हैं। इन्ही तमाम चीजों को ध्यान में रखते हुए संबंधित शराब दुकानों की जांच कराई गई। जिसमें छह दुकानों में गंभीर अनियमितता पाए जाने पर इन दुकानों के लाइसेंस निलंबित किये गए हैं। इसके अलावा जिन दुकानों में सामान्य अनियमितताएं पाई गई हैं उनमें 7 लाख 11 हजार 906 रुपए का जुर्माना भी लगाया गया है।
बता दें की जिन 6 दुकानों पर कार्यवाई की गई उनमें हटा सी, सतीश शुक्ला की दुकान, नरसिंहगढ़ भायल राठौर एंड कंपनी, तेंदूखेड़ा ए एस एंड एस इंटरप्राइजेज, गुबरा ए दीपमाला सिंह, जबेरा ए भायल राठौर एंड कंपनी, पथरिया ए मां वैष्णो देवी एंड कंपनी इन शराब दुकानों के लाइसेंस निलंबित किये गए हैं। वहीं पांच शराब दुकानों पर सात लाख से ज्यादा का अर्थ दंड भी लगाया गया है। कलेक्टर ने अधिकारियों को भेजकर सभी 6 शराब दुकानों को सील करने की कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके अलावा कलेक्टर ने सभी शराब दुकान संचालकों से शासन के नियमों के तहत शराब दुकान संचालन की बात कही।