बेख़ौफ़ माफिया और नींद में सोया प्रशासन, सड़कें बनी जा नलेवा, शायद बड़े हादसे के इंतजार में जिम्मेदार!
माफियाओं का जमकर बोल बाला है और प्रशासन की इस कदर उदासीनता है की नगर की मुख्य सड़कें गड्ढों में तब्दील हो गयी हैं। लोग हादसों का शिकार हो रहे हैं। लेकिन आरोप है की ध्यान देने वाला कोई भी नहीं है। माफिया बेख़ौफ़ होकर भारी वाहन लेकर आ जा रहे हैं लेकिन प्रशासन मानो कुम्भकर्णी नींद में सोया हुआ है। ये तस्वीरें छतरपुर जिले के बक्सवाहा नगर की हैं। जिन्हे देखकर अंदाज़ा लगाया जा सकता है की यहां किस कदर आलम है। मुख्य सड़कों पर बड़े-बड़े गड्ढे हो गए हैं बावजूद इसके भारी वाहनों का निकलना बदस्तूर जारी है। शायद प्रशासन किसी बड़े हादसे के इन्तजार में हो। तभी तो कोई कार्यवाई नहीं की जा रही है। ऐसे में आम लोगों को आने-जाने में परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
बताया जा रहा है की बकस्वाहा से सागर तरफ जाने वाला मार्ग गहरे-गहरे गड्ढों में तब्दील हो गया है। सड़के जगह-जगह दलदल बन चुकी हैं और इसका सबसे प्रमुख कारण भारी वाहन हैं जो बेरोकटोक के चल रहे हैं। दरअसल सागर रोड पर संचालित क्रेशरों की गिट्टी से भरे ओवरलोड ट्रक और भारी भरकम रेत से भरे ट्रक इस स्थिति लिए जिम्मेदार बताये जा रहे हैं। यहां से सैंकड़ों वाहन तेज रफ्तार से गुजर रहे हैं। जिससे सड़कों की क्या स्थिति है देखा जा सकता है। लोगों को जान की बाजी लगाकर यहां से मजबूरी में निकलना पड़ रहा है। हर समय दुर्घटनाओं का अंदेशा बना रहता है।
आरोप है कि रेत और गिट्टी से भरे भारी भरकम वाहनों की वजह से सड़क खस्ताहाल हो गयी है। कहीं कीचड़ है कहीं गड्ढे हैं। ऐसा भी आरोप है की अधिकांश रेत और गिट्टी से भरे वाहन बिना रॉयल्टी, बिना नंबर प्लेट, और बिना वैध दस्तावेजों के संचालित हो रहे है यही नहीं कई चालकों के पास ड्राइविंग लाइसेंस तक नहीं है। इस सब के बावजूद स्थानीय प्रशासन कोई कार्यवाई नहीं कर रहा है।
आरोप है की बकस्वाहा क्षेत्र में हर दिन दर्जनों ट्रॉली और ट्रकों से रेत का अवैध परिवहन किए जाने की शिकायतें मिल रही हैं। पाली रोड स्थित विद्युत मंडल के पास और बजाना रोड पर रेत माफियाओं द्वारा भारी मात्रा में अवैध रेत का भंडारण कर धड़ल्ले से विक्रय किया जा रहा है l लेकिन कार्यवाई न किया जाना समझ से परे है। जो कई गंभीर सवाल खड़े करता है।