बारिश के बाद नदी-नाले उफान पर, जान जोखिम में डालकर रपटे पार कर रहे लोग,लापरवाही पड़ सकती है भारी
मानसून एक बार फिर से सक्रीय हो गया है। लगातार बारिश देखने को मिल रही है। नदियां-नाले उफान पर आ गए हैं तो कई जगहों पर पुल भी डूब गए हैं। लेकिन लोग हैं की जान जोखिम में डाल रहे हैं। इसी तरह पुल पर पानी होने के बावजूद लोग उसे पार कर रहे हैं। सिर्फ बाइक सवार ही नहीं बल्कि पैदल राहगीर भी यहां से निकलते रहे। हैरानी की बात तो ये है की अभी तक प्रशासन की ओर से सुरक्षा के कोई इंतजाम नहीं किये गए हैं। तस्वीरें एमपी के मुरैना जिले की हैं।
बताया जा रहा है की सबलगढ़ से लेकर जौरा और दिमनी विधानसभा क्षेत्र तक क्वारी नदी पर बने कई रपटे और पुलिया डूब गए हैं। लेकिन लोग जान हथेली पर रखकर नदी पार कर रहे हैं। बागचीनी क्षेत्र में क्वारी नदी पर बना रपटा पानी में डूब गया। सुबह रपटे पर पानी आना शुरू हुआ था ये सिलसिला कई घंटों तक जारी रहा। पानी रपटे से ऊपर बह रहा था जो करीब दो फ़ीट तक पानी में डूब गया। इस रास्ते से कई गांवों के लोगों का आना-जाना है। इसलिए पानी होने के बाद भी लोग यहां से निकलते रहे। तेज बहाव के बीच लोग पैदल और बाइकों से जान जोखिम में डालकर निकलते रहे।
जानकारी के मुताबिक दिमनी क्षेत्र में पलपुरा और विसंगपुर को जोड़ने वाले क्वारी नदी के रपटे पर भी करीब डेढ़ से दो फीट पानी बह रहा है। यहां भी वीएस ही हालात थे। लोग रपटे को पार करते हुए नज़र आये। यहां पर भी सुरक्षा के इंतजाम नहीं किये गए हैं। जबकि हर साल बारिश के समय हादसों के अंदेशों को लेकर प्रशासन की टीम तैयार की जाती थी। पुल पर पानी होने की दशा में लोगों को आगाह किया जाता था। फिलहाल ऐसी कोई व्यवस्था नहीं की गयी है। जबकि एक छोटी सी गलती या लापरवाही भारी पड़ सकती है।