Sagar- बीना जंक्शन पर 65 दिन का मेगा ब्लॉक! 344 ट्रेनें होंगी प्रभावित, 212 के रूट बदलेंगे; 170 फेरे रद्द
सागर जिले की बीना रेलवे जंक्शन पर यार्ड रिमॉडलिंग का काम अंतिम चरण में पहुंच गया है। रेलवे बोर्ड से हरी झंडी मिलने के बाद अगले 10 दिनों में 65 दिनों का मेगा ब्लॉक शुरू होने की संभावना है। इस प्री-प्रीएनआई, प्रीएनआई और एनआई ब्लॉक के दौरान कुल 344 ट्रेनों का आवागमन प्रभावित होगा। रेलवे प्रशासन ने यात्रियों को होने वाली असुविधा को ध्यान में रखते हुए ट्रेन संचालन की नई रूपरेखा तैयार की है
रेलवे ने इस मेगा ब्लॉक के लिए व्यापक योजना बनाई है। कुल 212 ट्रेनों के मार्ग बदलने का निर्णय लिया गया है। इसके अतिरिक्त, 16 ट्रेनों के कुल 170 फेरे पूरी तरह रद्द रहेंगे। कई प्रमुख एक्सप्रेस और मेमू गाड़ियों को उनके गंतव्य से पहले ही समाप्त कर दिया जाएगा। कुछ गाड़ियों को परिवर्तित मार्ग से चलाया जाएगा, जिससे यात्रा का समय बढ़ सकता है। यह कदम बीना जंक्शन की परिचालन क्षमता में भारी बढ़ोतरी के लिए उठाया गया है। निर्माण कार्य पूरा होने के बाद ट्रेनों का संचालन भविष्य में अधिक सुगम और व्यवस्थित हो सकेगा।
मेगा ब्लॉक के कारण कई महत्वपूर्ण ट्रेनें रद्द रहेंगी। भोपाल-ग्वालियर एक्सप्रेस और ग्वालियर-भोपाल एक्सप्रेस 15 दिनों के लिए पूरी तरह रद्द की गई हैं। ग्वालियर-बेंगलुरु एक्सप्रेस और बेंगलुरु-ग्वालियर एक्सप्रेस तीन दिन तक नहीं चलेंगी। बीना-रुठियाई मेमू के 17 फेरे निरस्त किए गए हैं। बीना-रुठियाई मेमू के भी 16 फेरे रद्द रहेंगे, जिससे स्थानीय यात्रियों को परेशानी होगी।
बीना-कटनी मुड़वारा मेमू के 16 फेरे रद्द किए गए हैं। संतरागाछी एक्सप्रेस के एक-एक फेरे निरस्त रहेंगे। दमोह-भोपाल राज्यरानी एक्सप्रेस सात-सात दिन तक रद्द की गई है। ललितपुर-बीना मेमू भी सात-सात दिन नहीं चलेगी। इस दौरान कुल 16 ट्रेनों के 170 फेरे निरस्त रहने से यात्रियों को काफी असुविधा का सामना करना पड़ेगा।
बीना जंक्शन पर चल रहा यार्ड रिमॉडलिंग कार्य रेलवे की महत्वाकांक्षी परियोजनाओं में से एक है। इस निर्माण कार्य का मुख्य लक्ष्य रेलवे स्टेशन की परिचालन क्षमता में भारी वृद्धि करना है। कार्य पूरा होने के बाद भविष्य में ट्रेनों का संचालन अधिक सुगम और व्यवस्थित हो सकेगा