सागर- 8 फीट का घा यल सांप लेकर अस्पताल पहुंचे स्नेक कैचर, डॉक्टर ने की ड्रेसिंग!
सागर में मंगलवार को उस वक्त पशु चिकित्सालय का स्टाफ हैरान रह गया, जब स्नेक कैचर करीब 8 फीट लंबे घायल सांप को लेकर अस्पताल पहुंच गए। सांप को देखकर अस्पताल में मौजूद लोगों के बीच कौतूहल का माहौल बन गया। स्नेक कैचर ने डॉक्टर को बताया कि सांप घायल है और उसे इलाज की जरूरत है। इसके बाद डॉक्टर ने सावधानीपूर्वक सांप की चोट पर दवा लगाकर उसकी ड्रेसिंग की। बताया जा रहा है कि यह पहला मौका था, जब सागर के पशु चिकित्सालय में किसी सांप को इलाज के लिए लाया गया।
दरअसल, मंगलवार सुबह मोतीनगर क्षेत्र स्थित एक दाल मिल में मजदूर रोज की तरह बोरियां उठाने का काम कर रहे थे। इसी दौरान बोरियों के बीच अचानक एक सांप दिखाई दिया। करीब 8 फीट लंबे सांप को देखकर मजदूरों में हड़कंप मच गया। उन्होंने तत्काल स्नेक कैचर बबलू पवार को सूचना दी। जानकारी मिलते ही बबलू पवार मौके पर पहुंचे और सांप का रेस्क्यू शुरू किया। उन्होंने सावधानी से गेहूं की बोरियां हटाईं और काफी मशक्कत के बाद सांप को सुरक्षित पकड़ लिया।
रेस्क्यू के बाद जब सांप को देखा गया तो उसके शरीर पर चोट के निशान नजर आए। सांप घायल हालत में था। ऐसे में स्नेक कैचर ने उसे सीधे जंगल में छोड़ने के बजाय इलाज कराने का फैसला किया और बोरी में सुरक्षित रखकर पशु चिकित्सालय पहुंच गए। अस्पताल पहुंचने पर स्टाफ भी हैरान रह गया, क्योंकि वहां सांपों के इलाज के लिए कोई विशेषज्ञ मौजूद नहीं था। इसके बावजूद डॉक्टर ने सावधानी बरतते हुए सांप की चोट पर दवा लगाई और उसकी ड्रेसिंग की।
स्नेक कैचर बबलू पवार के मुताबिक रेस्क्यू के दौरान सांप घायल मिला था, इसलिए उसका इलाज कराना जरूरी समझा गया। मामले की जानकारी वन विभाग को भी दी गई। उपचार के बाद सांप को सुरक्षित स्थान पर ले जाकर जंगल में छोड़ दिया गया। बताया गया कि रेस्क्यू किया गया सांप घोड़ा पछाड़ प्रजाति का था और उसकी लंबाई करीब 8 फीट थी। इस पूरे घटनाक्रम ने जहां लोगों को हैरान किया, वहीं घायल वन्यजीव के प्रति दिखाई गई संवेदनशीलता की भी चर्चा हो रही है।